बरेली। थाना बिथरी चैनपुर पुलिस ने ऑपरेशन मुस्कान अभियान के तहत सराहनीय कार्रवाई करते हुए लापता तीन नाबालिग बच्चों को कुछ ही घंटों में सकुशल बरामद कर उनके परिजनों के सुपुर्द कर दिया। पूछताछ में किसी भी प्रकार की आपराधिक घटना सामने नहीं आई।पुलिस के अनुसार 10 जून को एक महिला ने सूचना दी कि उनके दो बेटियां और एक बेटा कोचिंग जाने के लिए घर से निकले थे, लेकिन वापस नहीं लौटे। सूचना मिलते ही थाना बिथरी चैनपुर पुलिस सक्रिय हो गई और बच्चों की तलाश शुरू कर दी। पुलिस टीम ने परिजनों व स्थानीय लोगों से पूछताछ की तथा आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली। फुटेज में तीनों बच्चे सुबह करीब 7:33 बजे जाते हुए दिखाई दिए। इसके बाद पुलिस ने लगातार तलाश अभियान चलाया और शाम करीब 5:30 बजे तीनों बच्चों को हारूनगला पेट्रोल पंप के पास भटकते हुए सकुशल बरामद कर लिया।बाल कल्याण अधिकारी महिला उपनिरीक्षक साक्षी शर्मा ने नियमानुसार कार्रवाई पूरी कर बच्चों को उनके परिजनों के सुपुर्द कर दिया। बरामद बच्चों में 16 वर्ष और 14 वर्ष की दो किशोरियां तथा 12 वर्ष का एक किशोर शामिल है।काउंसलिंग के दौरान बच्चों ने बताया कि उनके माता-पिता और ताऊ के पुत्र के बीच पैसों को लेकर हुए विवाद से वे भयभीत हो गए थे, जिसके चलते घर छोड़कर चले गए। जांच में यह भी स्पष्ट हुआ कि किसी व्यक्ति द्वारा उन्हें बहला-फुसलाकर नहीं ले जाया गया था और न ही कोई अन्य आपराधिक घटना हुई थी। इस सफल कार्रवाई में थानाध्यक्ष राजेश बाबू मिश्रा, महिला उपनिरीक्षक साक्षी शर्मा, उपनिरीक्षक नगेन्द्र सिंह, कांस्टेबल सचिन कुमार, कांस्टेबल सुजीत, महिला कांस्टेबल एकता चौधरी तथा महिला कांस्टेबल तनु सिराधना की महत्वपूर्ण भूमिका रही।