बरेली। यातायात नियम तोड़ने में बरेली के लोग मंडल में अव्वल हैं। शहर का चौकी चौराहा हॉटस्पॉट बना हुआ है। यहां नियम टूटने के सर्वाधिक मामले सामने आए हैं। 29 नवंबर को पुलिस ने यहां 600 वाहनों के चालान किए थे। यातायात माह के दौरान 14 हजार से अधिक वाहनों का चालान कर 1.78 करोड़ रुपये का जुर्माना वसूला गया। हर माह औसतन 35 ड्राइविंग लाइसेंस निलंबित हो रहे हैं। इसके बावजूद हालात नहीं सुधर रहे हैं। शासन वर्ष 2030 तक सड़क हादसों में मौतों का आंकड़ा शून्य पर लाना चाहता है। इसके लिए ट्रैफिक पुलिस, परिवहन, लोक निर्माण विभाग के साथ स्वास्थ्य महकमा भी काम कर रहा है। इसके बाद भी सड़क हादसों में मौतों का आंकड़ा बढ़ता जा रहा है। कहीं जिम्मेदारों की ओर से व्यवस्था की अनदेखी की जा रही है तो कहीं आम आदमी नियम तोड़ रहे हैं। तीन बार यातायात नियमों की अनदेखी करने पर संबंधित वाहन चालक का लाइसेंस तीन माह के लिए निलंबित किया जाता है। शराब पीकर वाहन चलाने, हादसा होने व कुछ अन्य विशेष परिस्थितियों में भी लाइसेंस निलंबित किए जाते हैं। लाइसेंस निलंबन के बाद संबंधित को नोटिस जारी कर सूचना दी जाती है। इस दौरान वाहन चलाते पकड़े जाने पर पांच हजार रुपये जुर्माने का प्रावधान है। निलंबन अवधि के दौरान आरटीओ कार्यालय में जुर्माना जमाकर उसे बहाल कराया जा सकता है। विशेष परिस्थितियों में निलंबन की अवधि को बढ़ा दिया जाता है। शहर के प्रमुख चौराहों पर सीसीटीवी कैमरे लगने से वाहन चालकों की निगरानी आसान हुई है। शहर के प्रमुख चौराहों पर ट्रैफिक लाइट की व्यवस्था है। इनको जंप करने वाले वाहन चालकों की संख्या भी कम नहीं है। सबसे ज्यादा चालान बिना हेलमेट, ट्रैफिक लाइट जंप, ट्रिपल राइडिंग में ही हो रहे हैं।आरटीओ प्रवर्तन दिनेश कुमार ने बताया कि यातायात नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहन चालकों के खिलाफ लाइसेंस निलंबन की कार्रवाई की जा रही है। हर माह औसतन 35 लाइसेंस निलंबित किए जा रहे हैं। यातायात माह में यह संख्या ज्यादा 62 रही।