बदायूं में भगवान श्रीजगन्नाथ महाप्रभु की वर्षगांठ श्रद्धा और उल्लास के साथ मनाई गई
बदायूं। भगवान श्रीजगन्नाथ महाप्रभु की पावन वर्षगांठ के अवसर पर सोहम गीता मंदिर ट्रस्ट एवं जगन्नाथ रथ यात्रा समिति, बदायूं के संयुक्त तत्वावधान में सोहम गीता मंदिर परिसर में भव्य धार्मिक एवं सांस्कृतिक कार्यक्रम का आयोजन श्रद्धा, भक्ति और उल्लास के साथ संपन्न हुआ। सुंदरकांड पाठ, संगीतमय भजन-कीर्तन, बच्चों की आकर्षक प्रस्तुतियों तथा महाप्रसाद वितरण के दौरान मंदिर परिसर “जय जगन्नाथ” के जयघोष से देर तक गुंजायमान रहा। बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने भगवान श्रीजगन्नाथ महाप्रभु के दर्शन कर उनका आशीर्वाद प्राप्त किया।कार्यक्रम का शुभारंभ वैदिक मंत्रोच्चार एवं विधि-विधान के साथ सुंदरकांड पाठ से हुआ। पूरे आयोजन के दौरान श्रद्धालु भगवान श्रीराम और भगवान श्रीजगन्नाथ महाप्रभु की भक्ति में लीन रहे। सुंदरकांड की पूर्णाहुति के पश्चात भगवान श्रीजगन्नाथ महाप्रभु की वर्षगांठ श्रद्धापूर्वक मनाई गई। इस विशेष अवसर पर बच्चों ने भगवान की वर्षगांठ के उपलक्ष्य में केक काटकर उत्सव को आनंदमय बना दिया।धार्मिक आयोजन की विशेष आकर्षण बच्चों द्वारा प्रस्तुत की गई मनमोहक झांकियां रहीं। नरसी जी एवं श्री हरिवंश महाप्रभु के बाल स्वरूप धारण कर बच्चों ने अपनी भावपूर्ण प्रस्तुतियों से सभी श्रद्धालुओं का मन मोह लिया। उनकी मासूम और आकर्षक प्रस्तुतियों ने पूरे मंदिर परिसर को भक्तिमय वातावरण से सराबोर कर दिया।
इसके उपरांत आयोजित संगीतमय भजन-कीर्तन में श्रद्धालु प्रभु के भजनों पर भावविभोर होकर झूम उठे। “जय जगन्नाथ” के जयघोष औरभक्ति संगीत से वातावरण पूरी तरह आध्यात्मिक ऊर्जा से भर गया। कार्यक्रम के समापन पर भगवान श्रीजगन्नाथ महाप्रभु की आरती के बाद सभी श्रद्धालुओं को महाप्रसाद एवं भंडारे का प्रसाद वितरित किया गया।
आयोजन की व्यवस्थाओं में साधना रस्तोगी, मनोज रस्तोगी, रोजी रस्तोगी, दीपिका रस्तोगी, अमित रस्तोगी एवं दीप्ती दीपांक रस्तोगी सहित आयोजन समिति के सभी सदस्यों ने सेवाभाव एवं समर्पण के साथ महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। उनके कुशल संचालन एवं सहयोग से पूरा कार्यक्रम गरिमामय, अनुशासित और सफलतापूर्वक संपन्न हुआ।कार्यक्रम के अंत में आयोजकों ने सभी श्रद्धालुओं, सेवाभावियों एवं सहयोगियों के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि भगवान श्रीजगन्नाथ महाप्रभु की वर्षगांठ का यह पावन उत्सव श्रद्धा, भक्ति, प्रेम और सेवा का अनुपम संगम बनकर सभी भक्तों के लिए सदैव स्मरणीय रहेगा।















































































