एमएलसी वागीश पाठक के प्रयास रंग लाए, रियोनाई एसबीआई शाखा का स्थानांतरण निरस्त
बदायूं। जनहित से जुड़े एक महत्वपूर्ण मामले में सदस्य विधान परिषद (एमएलसी) वागीश पाठक के प्रयास सफल रहे हैं। भारतीय स्टेट बैंक ने ग्राम पंचायत रियोनाई स्थित अपनी शाखा के प्रस्तावित स्थानांतरण को निरस्त कर दिया है। इस निर्णय से क्षेत्र के हजारों ग्रामीणों, किसानों, महिलाओं, छात्र-छात्राओं, व्यापारियों एवं पेंशनधारकों को बड़ी राहत मिली है।बताया जाता है कि बैंक शाखा के स्थानांतरण की सूचना मिलने के बाद रियोनाई एवं आसपास के गांवों से भारी संख्या में ग्रामीण एमएलसी वागीश पाठक के आवास पर पहुंचे और बैंक शाखा को यथास्थान बनाए रखने की मांग की। ग्रामीणों ने बताया कि शाखा के स्थानांतरण से उन्हें बैंकिंग सेवाओं के लिए लंबी दूरी तय करनी पड़ेगी, जिससे आमजन को भारी असुविधा होगी।ग्रामीणों की समस्याओं को गंभीरता से लेते हुए एमएलसी वागीश पाठक ने तत्काल भारत सरकार की माननीय वित्त मंत्री श्रीमती निर्मला सीतारमण को पत्र लिखकर रियोनाई शाखा के स्थानांतरण को निरस्त करने का अनुरोध किया। उन्होंने अपने पत्र में स्पष्ट किया कि यह शाखा क्षेत्र के हजारों लोगों की दैनिक बैंकिंग आवश्यकताओं का प्रमुख केंद्र है और इसका स्थानांतरण जनहित के विपरीत होगा।एमएलसी के पत्र एवं स्थानीय जनता की भावनाओं को संज्ञान में लेते हुए भारतीय स्टेट बैंक के क्षेत्रीय एवं उच्च अधिकारियों ने मामले की समीक्षा की। इसके बाद बैंक प्रबंधन ने रियोनाई शाखा के स्थानांतरण के प्रस्ताव को निरस्त करने का निर्णय लिया, जिसकी आधिकारिक सूचना एमएलसी वागीश पाठक को भेज दी गई है।इस अवसर पर एमएलसी वागीश पाठक ने कहा कि “जनता की समस्याओं का समाधान कराना मेरी प्राथमिकता है। क्षेत्रवासियों के हितों से जुड़े प्रत्येक मुद्दे को मैं पूरी प्रतिबद्धता के साथ उठाता रहूंगा। यह निर्णय रियोनाई की जनता की एकजुटता और जनहित की जीत है।”क्षेत्रवासियों ने इस जनहितकारी निर्णय के लिए एमएलसी वागीश पाठक का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि उनकी पहल से हजारों लोगों को भविष्य में होने वाली बड़ी परेशानी से राहत मिली है।















































































