बदायूँ के 15 केंद्रों पर दूसरे दिन कड़ी सुरक्षा के बीच शांतिपूर्ण संपन्न हुई टीईटी-2026 की परीक्षा
बदायूँ। उत्तर प्रदेश शिक्षा सेवा चयन आयोग, प्रयागराज द्वारा आयोजित उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (टीईटी)-2026 के दूसरे दिन जनपद बदायूँ के 15 परीक्षा केंद्रों पर परीक्षा कड़ी सुरक्षा व्यवस्था एवं प्रशासनिक निगरानी में शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुई। परीक्षा के दौरान सुरक्षा व्यवस्था, यातायात प्रबंधन तथा अभ्यर्थियों की सुविधाओं के लिए प्रशासन की ओर से व्यापक इंतजाम किए गए।
दूसरे दिन परीक्षा दो पालियों में आयोजित की गई। प्रत्येक पाली में 5,639 अभ्यर्थी पंजीकृत थे। प्रथम पाली में 4,875 अभ्यर्थी उपस्थित रहे, जबकि 764 अभ्यर्थी अनुपस्थित रहे। इस पाली में उपस्थिति प्रतिशत 86.45 रहा। वहीं द्वितीय पाली में 4,455 अभ्यर्थियों ने परीक्षा दी और 1,184 अभ्यर्थी अनुपस्थित रहे। दूसरी पाली में उपस्थिति प्रतिशत 79 प्रतिशत दर्ज किया गया। दोनों पालियों को मिलाकर कुल उपस्थिति 82.78 प्रतिशत रही।जिलाधिकारी अवनीश राय ने बताया कि जनपद के 15 परीक्षा केंद्रों पर कुल 28,198 अभ्यर्थियों के लिए व्यवस्थाएं की गई हैं। परीक्षा 2, 3 और 4 जुलाई तक कुल पांच पालियों में आयोजित की जा रही है। पहले तीन पालियों में उच्च प्राथमिक स्तर तथा अंतिम दो पालियों में प्राथमिक स्तर की परीक्षा होगी। प्रथम दो पालियों में प्रत्येक पाली में 5,639 तथा अंतिम तीन पालियों में 5,640 अभ्यर्थी परीक्षा देंगे।उन्होंने बताया कि प्रथम पाली सुबह 9:30 बजे से दोपहर 12:00 बजे तक तथा द्वितीय पाली दोपहर 2:30 बजे से शाम 5:00 बजे तक आयोजित की गई। अभ्यर्थियों को परीक्षा प्रारंभ होने से 45 मिनट पूर्व तक ही परीक्षा केंद्र में प्रवेश दिया गया। निर्धारित समय के बाद किसी भी अभ्यर्थी को प्रवेश की अनुमति नहीं दी गई।परीक्षा केंद्रों पर केवल प्रवेश पत्र, आधार कार्ड एवं ब्लैक डॉट पेन ले जाने की अनुमति थी। मोबाइल फोन, स्मार्ट वॉच, ब्लूटूथ सहित सभी इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों पर पूर्ण प्रतिबंध रहा।अपर जिलाधिकारी (प्रशासन) अरुण कुमार ने बताया कि परीक्षा की शुचिता बनाए रखने के उद्देश्य से सभी परीक्षा केंद्रों के 200 मीटर के दायरे में धारा-163 लागू की गई। इस अवधि में साइबर कैफे, फोटो कॉपी एवं प्रिंटिंग की दुकानें भी बंद रखी गईं। साथ ही यातायात व्यवस्था को सुचारु बनाए रखने तथा बस अड्डों एवं रेलवे स्टेशन पर अतिरिक्त सुरक्षा व्यवस्था के निर्देश दिए गए।अभ्यर्थियों की सुविधा के लिए बस अड्डे एवं रेलवे स्टेशन पर हेल्प डेस्क स्थापित किए गए। रैन बसेरा, प्राथमिक उपचार की दवाइयों की व्यवस्था तथा परीक्षा केंद्रों तक पहुंचने संबंधी जानकारी भी उपलब्ध कराई गई। प्रशासन ने स्पष्ट किया कि किसी भी अभ्यर्थी से अतिरिक्त किराया या शुल्क वसूले जाने पर संबंधित के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की जाएगी।प्रशासन ने दावा किया है कि आगामी पालियों की परीक्षाएं भी इसी प्रकार कड़ी सुरक्षा, पारदर्शिता और निष्पक्ष व्यवस्था के बीच सफलतापूर्वक संपन्न कराई जाएंगी।















































































