बदायूँ में गैंग बनाकर सट्टा, जुआ व स्मैक कारोबार चलाने का आरोप, मुख्यमंत्री से की गई शिकायत
बदायूँ। जनपद में कथित तौर पर गैंग बनाकर सट्टा, जुआ और स्मैक कारोबार संचालित किए जाने के आरोपों को लेकर मुख्यमंत्री को जनसुनवाई पोर्टल के माध्यम से शिकायत भेजी गई है। शिकायतकर्ता रवि कुमार निवासी बजीरगंज ने गैंगस्टर व हिस्ट्रीशीटर मेहराज चौधरी तथा हिस्ट्रीशीटर सगीर चौधरी पर बदायूँ शहर में संगठित तरीके से अवैध गतिविधियां संचालित करने का आरोप लगाया है। शिकायत में दोनों को आपस में साले-बहनोई बताते हुए शहर में गैंग के माध्यम से अवैध कारोबार चलाने की बात कही गई है।
शिकायतकर्ता के अनुसार मेहराज चौधरी के खिलाफ कई आपराधिक मुकदमे दर्ज हैं। प्रस्तुत शिकायत में मेहराज चौधरी के विरुद्ध दर्ज मामलों का सिलसिलेवार उल्लेख किया गया है। इनमें वर्ष 2017 का मुकदमा संख्या 535/17 धारा 3/4 गुंडा अधिनियम थाना कोतवाली बदायूँ, वर्ष 2018 का मुकदमा संख्या 504/18 धारा 2/3 गैंगस्टर अधिनियम थाना कोतवाली बदायूँ, मुकदमा संख्या 487/18 धारा 8/15 एनडीपीएस एक्ट थाना कोतवाली बदायूँ तथा मुकदमा संख्या 485/18 धारा 8/15 एनडीपीएस एक्ट थाना कोतवाली बदायूँ शामिल हैं। इसके अलावा वर्ष 2020 का मुकदमा संख्या 200/2020 धारा 60 एक्ट थाना कोतवाली बदायूँ, मुकदमा संख्या 212/2020 धारा

325/323/504/506 थाना मूसाझाग तथा मुकदमा संख्या 392/2020 धारा 8/22 एनडीपीएस एक्ट थाना कोतवाली बदायूँ भी दर्ज बताए गए हैं। शिकायत में यह भी उल्लेख किया गया कि मेहराज चौधरी की हिस्ट्रीशीट संख्या 33A क्रमांक-19 थाना कोतवाली सदर बदायूँ में दर्ज है।वहीं शिकायत में सगीर चौधरी निवासी तालगांव थाना मूसाझाग का भी हिस्ट्रीशीटर के रूप में उल्लेख किया गया है। शिकायत के अनुसार सगीर चौधरी की हिस्ट्रीशीट संख्या 33A क्रमांक-22 थाना मूसाझाग में दर्ज है और वह मेहराज चौधरी के साथ अन्य मामलों में भी मुल्जिम बताया गया है।शिकायत में आरोप लगाया गया है कि दोनों कथित तौर पर गैंग के जरिए बड़े पैमाने पर सट्टा और जुए का संचालन करते हैं। साथ ही कुछ अन्य व्यक्तियों के नाम भी कथित सहयोगियों के रूप में शामिल किए गए हैं। शिकायतकर्ता ने यह भी मांग की है कि प्रकरण की जांच स्थानीय पुलिस के अलावा एलआईयू अथवा इंटेलिजेंस स्तर से भी कराई जाए, जिससे निष्पक्ष जांच सुनिश्चित हो सके।
मामले की शिकायत मुख्यमंत्री को संबोधित करने के साथ इसकी प्रतिलिपि पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) लखनऊ, अपर पुलिस महानिदेशक (एडीजी) बरेली, पुलिस महानिरीक्षक (आईजी) बरेली, पुलिस उपमहानिरीक्षक (डीआईजी) बरेली तथा वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) बदायूँ को भी भेजी गई है। शिकायतकर्ता ने आरोपियों और उनके कथित साथियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई किए जाने की मांग की है।















































































