डॉ. सचिन के निर्देशन में राजकीय महाविद्यालय के पूर्व प्राचार्य को मिली पीएचडी की उपाधि
बदायूँ। आवास विकास स्थित राजकीय महाविद्यालय ने उच्च शिक्षा एवं शोध के क्षेत्र में उपलब्धि अर्जित करते हुए गणित विभागाध्यक्ष एवं पूर्व प्राचार्य संस्थान अनिल कुमार का शोध-वायवा सफलतापूर्वक संपन्न कराकर गणित जगत में एक नया अध्याय जोड़ दिया है। महाविद्यालय के गणित विभाग के शोधार्थी एवं विभागाध्यक्ष अनिल कुमार का महात्मा ज्योतिबा फुले रोहिलखंड विश्वविद्यालय, बरेली में पीएचडी वायवा सफलतापूर्वक सम्पन्न हुआ।
शोध कार्य का सफल निर्देशन महाविद्यालय के युवा गणितज्ञ, विश्व स्तरीय वैज्ञानिक एवं आईआईटीयन असिस्टेंट प्रोफेसर डॉ. सचिन कुमार द्वारा किया गया। उनके मार्गदर्शन में प्रथम पीएचडी शोधार्थी का सफल होना संस्थान के लिए एक विशेष उपलब्धि माना जा रहा है। डॉ. सचिन कुमार अब तक SCI Indexed अंतरराष्ट्रीय शोध पत्रिकाओं में 33 से अधिक शोध-पत्र प्रकाशित कर चुके हैं। उन्होंने फ्रांस, चिली, चीन, रोमानिया और मेक्सिको सहित विभिन्न देशों के प्रतिष्ठित वैज्ञानिकों के साथ उल्लेखनीय शोध सहयोग स्थापित किया है। उनके शोध कार्यों का प्रमुख क्षेत्र गणितीय मॉडलिंग, आधुनिक गणितीय विश्लेषण और उन्नत वैज्ञानिक अनुसंधान है। उनके नेतृत्व में महाविद्यालय में एक सशक्त और प्रेरणादायी शोध वातावरण विकसित हुआ है, जिससे विद्यार्थियों एवं शिक्षकों में अनुसंधान के प्रति नई ऊर्जा, जिज्ञासा और समर्पण का संचार हुआ है।
महाविद्यालय की प्राचार्या डॉ श्रद्धा गुप्ता ने कहा है कि यह राजकीय महाविद्यालय परिवार के लिए अत्यंत हर्ष, गर्व और संतोष का क्षण है। संस्थान से प्रथम पीएचडी शोधार्थी का सफलतापूर्वक शोध पूर्ण होना इस बात का संकेत है कि हमारा महाविद्यालय अब उच्च स्तरीय शोध और अकादमिक उत्कृष्टता की दिशा में निरंतर आगे बढ़ रहा है। हमें विश्वास है कि आने वाले समय में अनेक शोधार्थी यहाँ से पीएचडी पूर्ण कर संस्थान को नई ऊँचाइयों तक पहुंचाएंगे। पीएचडी उपाधि धारण करने के बाद पूर्व प्राचार्य एवं वर्तमान में उप प्राचार्य प्रो अनिल कुमार ने कहा कि राजकीय महाविद्यालय आवास विकास की यह उपलब्धि सिर्फ अकेले मेरी नहीं है बल्कि पूरे महाविद्यालय परिवार की है। इसमें मेरे और मेरे गुरु जी के परिश्रम के अतिरिक्त के साथ ही महाविद्यालय के समस्त शिक्षकों का सामूहिक समर्पण, दूरदर्शिता और शैक्षणिक उत्कृष्टता भी सम्मिलित है।
पीएचडी उपाधि प्राप्त करने वाले महाविद्यालय के प्रथम शोधार्थी के रूप में प्रो अनिल कुमार एवं प्रथम शोध निदेशक के रूप में डॉ सचिन कुमार का स्वागत कर अभिनंदन किया गया।














































































