अखिलेश यादव के निर्देश पर आबिद रज़ा का PDA अभियान तेज, शेखूपुर में उमड़ा जनसमर्थन
बदायूँ। समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव के निर्देश पर सपा के स्टार प्रचारक एवं राष्ट्रीय सचिव, पूर्व मंत्री आबिद रज़ा पूरे जनपद बदायूँ में गांव-गांव जाकर PDA (पिछड़ा, दलित, अल्पसंख्यक) का व्यापक प्रचार कर रहे हैं। उनका मुख्य उद्देश्य वर्ष 2027 में समाजवादी पार्टी की सरकार बनाकर अखिलेश यादव को उत्तर प्रदेश का मुख्यमंत्री बनाना है।
इसी क्रम में शेखूपुर विधानसभा क्षेत्र के दौरे के दौरान आबिद रज़ा कई दलित, पिछड़े और अल्पसंख्यक बहुल गांवों में पहुंचे, जहां ग्रामीणों ने उनका फूल-मालाओं और फूलों की बारिश के साथ भव्य स्वागत किया। गांव-गांव में आयोजित जनसभाओं में बड़ी संख्या में लोगों की भागीदारी देखने को मिली।
इस दौरान आबिद रज़ा ने बाबा साहब डॉ. भीमराव अंबेडकर के चरणों में पुष्प अर्पित कर सामाजिक न्याय और समानता का संदेश दिया। उन्होंने अपने संबोधन में कहा कि वर्ष 2027 का चुनाव प्रदेश के भविष्य के लिए बेहद महत्वपूर्ण है। उन्होंने वर्तमान सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि किसान, बेरोजगार, छात्र और गरीब वर्ग सरकार से निराश हैं और बदलाव चाहते हैं।
उन्होंने कहा कि एक ओर वह ताकतें हैं जो समाज में नफरत फैलाती हैं, जबकि दूसरी ओर समाजवादी पार्टी है जो भाईचारा, मोहब्बत और विकास की बात करती है। उन्होंने वर्ष 2024 के लोकसभा चुनाव का जिक्र करते हुए कहा कि प्रदेश की जनता ने सपा को सबसे ज्यादा 37 सांसद जिताकर पहला स्थान दिया, जो 2027 में सरकार बनाने का संकेत है।
जनसभाओं के दौरान यादव, मुस्लिम और अन्य सेकुलर समाज के लोगों ने एक स्वर में स्थानीय विधायक के कामकाज पर नाराजगी जताई और आरोप लगाया कि पिछले चार वर्षों में विकास के नाम पर केवल औपचारिक कार्य हुए हैं, जबकि जनता की मूल समस्याएं अनदेखी की गई हैं।
ग्रामीणों ने आबिद रज़ा से शेखूपुर विधानसभा से चुनाव लड़ने का आग्रह किया और दावा किया कि उनके नेतृत्व में सपा इस सीट को जीत सकती है। कई गांवों में लोगों ने “अखिलेश यादव को मुख्यमंत्री बनाना है, आबिद रज़ा को विधायक बनाना है” जैसे नारे भी लगाए और बैनर-पोस्टर लगाए गए।
इस दौरान आबिद रज़ा ने ननाखेड़ा, मुस्करा, चेतुनगला, बड़ी कादरवाड़ी, छोटी कादरवाड़ी, खिरिया बाकरपुर, चतुरी नगला, भद्रा, भसराला और शेखूपुर सहित कई गांवों का दौरा किया। उनके साथ नेक्सु जाटव, रमेश जाटव, राम सिंह कश्यप, विजय कश्यप, सुरेंद्र पाली, हरि कृष्ण पाली, हर्षित यादव, सुनील यादव, रामवीर यादव, रोहताश यादव, अरुण यादव, अमन यादव, वीरपाल यादव, फिरासत, दिलशाद सैफी, नन्हे अल्वी, निसार, इस्माइल खां, रईस अहमद सहित सैकड़ों कार्यकर्ता मौजूद














































































