गेहूं खरीद में सुस्ती पर किसानों का आक्रोश, सभी केन्द्रों पर तत्काल खरीद की मांग
बरेली। भारतीय किसान यूनियन (टिकैत) के जिला अध्यक्ष चौधरी सोमवीर सिंह ने गेहूं खरीद में हो रही देरी को लेकर जिला अधिकारी को ज्ञापन सौंपा। उन्होंने कहा कि जिले में 120 क्रय केन्द्र स्थापित होने के बावजूद केवल 60-70 केन्द्रों पर ही खरीद शुरू हो सकी है, जिससे किसानों में नाराजगी बढ़ रही है। किसानों का आरोप है कि कई केन्द्रों पर बोरों, कर्मचारियों और मजदूरों की कमी के चलते खरीद प्रभावित हो रही है। साथ ही कुछ स्थानों पर एक ही जगह दो नामों से केन्द्र संचालित हैं, जहां बिचौलियों का कब्जा है।
किसानों ने सभी केन्द्रों पर तत्काल खरीद शुरू करने, पारदर्शी टोकन व्यवस्था लागू करने और प्रत्येक केन्द्र पर प्रतिदिन 400-500 कुंतल खरीद सुनिश्चित करने की मांग की है। साथ ही बारिश और ओलावृष्टि से हुई फसल क्षति का सर्वे कर मुआवजा देने व आवारा पशुओं से निजात दिलाने की भी मांग उठाई है। बाइट। अविनाश सिंह जिला अधिकारी गेहूं खरीद को लेकर जिला अधिकारी अविनाश सिंह ने बताया कि बरेली में गेहूं खरीद व्यवस्था को लेकर उठ रहे सवालों के बीच जिला अधिकारी अविनाश सिंह ने स्थिति स्पष्ट करते हुए बताया कि खरीद प्रक्रिया सुचारु रूप से संचालित की जा रही है और किसानों को किसी प्रकार की असुविधा न हो, इसके लिए प्रशासन लगातार प्रयासरत है।
उन्होंने बताया कि गेहूं खरीद वर्ष 2026-27 के लिए समर्थन मूल्य 2585 रुपये प्रति कुंतल निर्धारित किया गया है, जो पिछले वर्ष 2425 रुपये प्रति कुंतल था। जिले में गेहूं खरीद 30 मार्च 2026 से शुरू होकर 15 जून 2026 तक जारी रहेगी।
जिले में कुल 7 क्रय एजेंसियां गेहूं खरीद में लगी हुई हैं। शासन द्वारा 101 क्रय केन्द्रों का लक्ष्य निर्धारित किया गया था, जिसके सापेक्ष जनपद में 107 स्थायी और 13 मोबाइल क्रय केन्द्रों सहित कुल 120 केन्द्र स्थापित किए गए हैं। शासन के निर्देशानुसार मोबाइल केन्द्रों को भी स्थायी केन्द्र के रूप में संचालित किया जा रहा है।
कृषक पंजीकरण की स्थिति पर उन्होंने बताया कि अब तक 9705 किसानों का पंजीकरण किया जा चुका है। वहीं गेहूं खरीद के लिए 329 गांठ यानी 1,64,500 बोरे उपलब्ध हैं और भंडारण के लिए भी जिले में पर्याप्त स्थान मौजूद है।
खरीद प्रगति की जानकारी देते हुए डीएम ने बताया कि 11 अप्रैल 2026 तक 26 क्रय केन्द्रों पर 126 किसानों से कुल 679.45 मीट्रिक टन गेहूं की खरीद की जा चुकी है।
जिला अधिकारी ने कहा कि जहां भी व्यवस्थागत कमी की शिकायत मिल रही है, वहां तत्काल सुधार कराया जा रहा है, ताकि सभी क्रय केन्द्रों पर खरीद प्रक्रिया तेज गति से संचालित हो सके और किसानों को समय पर उनकी उपज का उचित मूल्य मिल सके।














































































