सांस्कृतिक रंगयात्रा और नाटकों ने दर्शकों को मंत्रमुग्ध किया
बरेली। ऑल इंडिया कल्चरल एसोसिएशन द्वारा गणतंत्र दिवस के राष्ट्रीय पर्व पर स्थानीय संजय गांधी कम्युनिटी हॉल बरेली में दूसरे दिन प्रथम सत्र में देशभक्ति गीत, लोकनृत्य और गायन की बरेली के शौकिया कलाकारों द्वारा प्रतियोगिता आयोजित की गई।निर्णायक मंडल में हरजीत कौर, नाहिद बेग, नीलम वर्मा, नीमा भंडारी रहे। कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्ज्वलित कर कैंट विधायक संजीव अग्रवाल ने किया। आपने संस्था के भागीरथ प्रयासों की सराहना करी। संध्या कालीन सत्र में पहली प्रस्तुति रंग यात्रा नाट्य कला संस्थान सहारनपुर की क्रांति ज्योति सावित्री बाई रही। रविन्द्र तेजान के निर्देशन में गीता चौहान द्वारा सशक्त प्रस्तुति हुई। दूसरी प्रस्तुति संस्कार भारती शाहजहांपुर की हमारे बापू रही जिसके लेखक राजेश कुमार और निर्देशक कप्तान कर्णधार थे। नाटक ने अपनी प्रस्तुति से दर्शकों को बांध कर रखा। नाटक में संजीव राठौर, मोहम्मद फैजल खान, दुष्यंत शर्मा, कप्तान कर्णधार, सुलोचना , धृतिका कर्णधार आदि ने अपनी भूमिका से न्याय किया। तीसरी प्रस्तुति रघुवंश ग्रुप ऑफ परफॉर्मिंग आर्ट्स मुंबई की रंजीत कपूर द्वारा लिखित और पंडित अनिमेष शर्मा द्वारा निर्देशित रोंग टर्न रही। नाटक में दिशांत मल्होत्रा, अनिल गगनेजा, ईशा खेड़ा, मोहित चौहान आदि ने अभिनय किया। तीसरे दिन सांस्कृतिक रंगयात्रा शहर में निकाली गई जिसे बिथरी विधायक राघवेंद्र शर्मा ने हरी झंडी दिखाकर रवाना किया।जिसमें गुरु नानक खालसा इंटर कॉलेज, जय नारायण, जय मां दूनागिरी ग्रुप, विद्या वर्ल्ड आदि के बच्चों ने गिद्दा,उत्तराखंडी लोकगीत आदि की प्रस्तुतियां दीं। शाम को शून्य थिएटर दिल्ली की डॉ. रमा यादव और मयंक के निर्देशन में कस्तूरबा के गांधी हुई। जिसमें सनी कबीर, हर्षा सतीश शर्मा ने अपनी अदाकारी बिखेरी। दूसरी प्रस्तुति भाव्या कल्चरल सोसाइटी दिल्ली की एंटोन चेखोव द्वारा लिखित और संजय पोपली द्वारा निर्देशित “शिकारी” रही। तीसरी प्रस्तुति देहरादून की धनंजय कुकरेती द्वारा निर्देशित माला का वर रही। चौथी प्रस्तुति दिल्ली की सुरेन्द्र सागर द्वारा निर्देशित “पतझड़ के बाद” रही। कार्यक्रम का सफल संचालन उन्नति शर्मा, सुनील धवन, कमल श्रीवास्तव ने किया। इस अवसर पर मनीष अग्रवाल, पवन अरोड़ा, डॉ. सैयद सिराज, देवेन्द्र रावत, प्रदीप मिश्रा, प्रमोद उपाध्याय, राजीव लोचन, अमित कक्कड़, आरिफ खान, सुबोध शुक्ला, रवि सक्सेना, भूपेन्द्र नाथ वर्मा, रत्ना वर्मा, नरेश विश्वकर्मा, मोहम्मद नबी, दिलशाद, शमशाद, मेराज, हसीन, नूरेन आदि उपस्थित रहे।














































































