किसान पंचायत में अंडरपास व मंदिर निर्माण को लेकर किसान एकता संघ का आंदोलन तेज
बरेली। तहसील आंवला के ग्राम कहानी प्रतापपुर में किसानों की समस्याओं को लेकर किसान एकता संघ की किसान पंचायत आयोजित की गई, जिसमें सैकड़ों ग्रामीणों ने भाग लिया और संगठन की सदस्यता ग्रहण की। पंचायत में बदायूं नेशनल हाईवे के चौड़ीकरण से उत्पन्न समस्याओं और प्राचीन मंदिर के भविष्य को लेकर तीखी चिंता जताई गई।
किसान नेता डॉ. रवि नागर ने किसानों की समस्याएं सुनते हुए कहा कि आज भी किसान अपनी छोटी-छोटी समस्याओं के लिए संघर्ष कर रहा है, जबकि संबंधित अधिकारी मनमानी पर उतारू हैं। उन्होंने कहा कि गांव के सामने से गुजर रहे बदायूं नेशनल हाईवे के चौड़ीकरण के बावजूद अंडरपास नहीं दिया जा रहा है, जिससे किसानों को अपने खेतों तक पहुंचने में भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ेगा।
उन्होंने बताया कि हाईवे चौड़ीकरण की जद में आ रहे गांव के प्राचीन मंदिर के बरामदे को तोड़ने की योजना है। इसके बदले मंदिर के पीछे नए निर्माण का प्रस्ताव है, लेकिन ठेकेदार द्वारा घटिया सामग्री का उपयोग किया जा रहा है, जिसका ग्रामीण विरोध कर रहे हैं। इसके बावजूद राष्ट्रीय राजमार्ग से जुड़े अधिकारी और ठेकेदार अपनी मनमानी पर अड़े हुए हैं।
डॉ. रवि नागर ने चेतावनी दी कि किसान एकता संघ इसे किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं करेगा। उन्होंने कहा कि जल्द ही संगठन का प्रतिनिधिमंडल जिलाधिकारी बरेली से मिलकर कोहनी प्रतापपुर गांव के सामने अंडरपास बनाए जाने और मंदिर का निर्माण गुणवत्तापूर्ण सामग्री से कराए जाने की मांग करेगा। मांगें पूरी न होने तक मंदिर के पुराने निर्माण को तोड़ने नहीं दिया जाएगा।
पंचायत में सभी ग्रामीणों ने एकजुट होकर अपनी मांगों के लिए संघर्ष करने की शपथ ली। इस अवसर पर पश्चिम प्रदेश अध्यक्ष चौधरी शेरअली जाफरी, युवा मोर्चा प्रदेश अध्यक्ष पं. राजेश शर्मा, प्रदेश उपाध्यक्ष चौधरी श्यामपाल गुर्जर, मंडल अध्यक्ष बोहरनलाल गुर्जर, जिला महासचिव अवधेश गुर्जर, मंडल महासचिव डॉ. खेतल सिंह गुर्जर, जिला सचिव वीरेश भगत, युवा मोर्चा जिला अध्यक्ष सर्वेश गुर्जर सहित बड़ी संख्या में किसान और ग्रामीण मौजूद रहे।













































































