संग्रहालय दिवस पर बुजुर्गों की स्मृतियां ताजा की नमस्ते करें,हाथ न मिलाएँ: आचार्य संजीव रूप

ef38c882-4f1d-4110-b189-c12bc2a5d132
WhatsAppImage2026-02-15at42216PM1
previous arrow
next arrow


बिल्सी। तहसील क्षेत्र के यज्ञ तीर्थ ग्राम गुधनी मे स्थित आर्य समाज मंदिर में सर्वप्रथम “कोरोना मुक्ति यज्ञ” किया गया, उसके पश्चात संग्रहालय दिवस मनाया गया! इस अवसर पर सुप्रसिद्ध वैदिक विद्वान आचार्य संजीव रूप ने कहा कि हमें अपने पूर्वजों के पावन स्मृतियों को संजो कर रखना चाहिए! इतिहास पुरुष भी हमारे पूर्वज हैं, हम उनके बताए रास्ते पर चलें तो निश्चित रूप से हमारे परिवारों में समाज में सुख शांति की स्थापना होगी! कोरोना मुक्ति यज्ञ के 17वें दिन आचार्य संजीव रूप ने आज बिसौली में चौराहे के पास अरविंद अग्रवाल के आवास पर “कोरोना मुक्ति यज्ञ” किया जिसमें रितु अग्रवाल, रवि प्रकाश अग्रवाल तथा परिवार के लोग शामिल हुए सभी को आचार्य संजीव रूप ने संग्रहालय दिवस की शुभकामनाएं दी और कहा कि -*हमारे पूर्वज इसलिए स्वस्थ रहते थे क्योंकि वह नमस्ते करते थे हाथ नहीं मिलाते थे, किसी के घर आने पर जूते चप्पल बाहर उतार कर उनके पांव धोए जाते थे, हवन प्रतिदिन किया जाता था तथा हांडी का हल्दी पड़ा गर्म दूध पीते थे यदि हम अपने पूर्वजों की भांति अपना खान-पान रहन-सहन फिर से बना लें तो कोरोना जैसी महामारी ओ को शीघ्र मिटा सकते हैं! आज 29 वाँ यज्ञ संपन्न हो गया। ध्यान रहे आचार्य संजीव रूप को राज्य मंत्री महेश चंद्र गुप्ता के संरक्षण में 101 यज्ञ जनपद में करने का संकल्प लेकर निरंतर यज्ञ कर रहे है।

ReferralCodeLLVR11
previous arrow
next arrow
WhatsAppImage2023-12-28at122820
previous arrow
next arrow
WhatsAppImage2024-06-13at122213
previous arrow
next arrow

WhatsAppImage2024-10-20at41111PM1
previous arrow
next arrow
WhatsAppImage2023-04-17at53854PM4
previous arrow
next arrow
Home
Live TV
VIDEO NEWS
Verified by MonsterInsights