सपा सरकार आने पर भगवान विश्वकर्मा का भव्य मंदिर बनेगा, जयंती पर होगा अवकाश : शुभलेश यादव
बरेली। भगवान विश्वकर्मा जयंती के अवसर पर समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव के आह्वान पर पूरे प्रदेश में विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए गए। इसी क्रम में बरेली स्थित समाजवादी पार्टी कार्यालय पर जिलाध्यक्ष शुभलेश यादव की अध्यक्षता में गोष्ठी का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का संचालन जिला सचिव नरेश प्रसाद विश्वकर्मा ने किया।कार्यक्रम में सपा नेताओं एवं विश्वकर्मा समाज के प्रमुख लोगों ने भगवान विश्वकर्मा जी के चित्र पर पुष्प अर्पित कर श्रद्धांजलि एवं पुष्पांजलि अर्पित की। वक्ताओं ने भगवान विश्वकर्मा को सृष्टि का महान शिल्पकार बताते हुए उनके योगदान और शिल्पकार, कारीगर एवं कामगार समाज के महत्व पर प्रकाश डाला।जिलाध्यक्ष शुभलेश यादव ने कहा कि भगवान विश्वकर्मा केवल एक धार्मिक आस्था के प्रतीक ही नहीं बल्कि निर्माण, सृजन और श्रम के प्रतीक हैं। उन्होंने कहा कि हमारे राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने आज ही इस शुभ अवसर पर घोषणा की है कि समाजवादी पार्टी की सरकार बनने पर भगवान विश्वकर्मा के सम्मान और विश्वकर्मा समाज के अधिकारों के लिए ठोस कदम उठाए जाएंगे तथा भगवान विश्वकर्मा का भव्य मंदिर लखनऊ में बनाया जाएगा तथा इस पावन दिवस पर छुट्टी भी घोषित की जायेगी। उन्होंने कहा कि अखिलेश यादव ने विश्वकर्मा समाज के सम्मान को लेकर अपनी प्रतिबद्धता स्पष्ट की है। समाजवादी पार्टी शिल्पकारों, कारीगरों और मेहनतकश लोगों के सम्मान एवं विकास के लिए कार्य करेगी।पूर्व मेयर सुप्रिया ऐरन ने कहा कि विश्वकर्मा समाज का देश के निर्माण और विकास में महत्वपूर्ण योगदान रहा है। कारीगर और शिल्पकार अपने हुनर एवं मेहनत से समाज को आगे बढ़ाने का काम करते हैं। उन्होंने कहा कि ऐसे मेहनतकश वर्गों को सम्मान, रोजगार और बेहतर अवसर उपलब्ध कराना सरकारों की जिम्मेदारी है। समाजवादी पार्टी हमेशा सामाजिक न्याय और समान अवसर की बात करती रही है।
महानगर महासचिव पंडित दीपक शर्मा ने कहा कि भगवान विश्वकर्मा जी की जयंती श्रम, कौशल और सृजनशीलता का पर्व है। समाजवादी विचारधारा में मेहनतकश और कामगार वर्ग के सम्मान को विशेष स्थान प्राप्त है। उन्होंने कहा कि विश्वकर्मा समाज सहित सभी शिल्पकारों और कामगारों के हितों की आवाज को मजबूती से उठाया जाएगा। उन्होंने कहा कि अखिलेश यादव के नेतृत्व में समाजवादी पार्टी ने विकास और सामाजिक सम्मान की राजनीति को आगे बढ़ाया है।
जिला सचिव डॉ. सत्यदेव ओझा ने कहा कि भगवान विश्वकर्मा को सृष्टि का शिल्पकार माना जाता है और उनके प्रति समाज की आस्था सदियों पुरानी है। उन्होंने कहा कि आधुनिक भारत के निर्माण में शिल्पकारों, कारीगरों और मजदूरों की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है। इन वर्गों की मेहनत और हुनर को सम्मान तथा उचित अवसर मिलना चाहिए।
वक्ताओं ने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार में शिल्पकारों, कारीगरों और मजदूरों की समस्याओं की अपेक्षित रूप से अनदेखी हुई है। उन्होंने समाजवादी पार्टी की पूर्व सरकार के कार्यों का उल्लेख करते हुए कहा कि तत्कालीन मुख्यमंत्री अखिलेश यादव के नेतृत्व में विकास, रोजगार, शिक्षा और सामाजिक सम्मान के क्षेत्र में अनेक कार्य किए गए।
गोष्ठी में उपस्थित विश्वकर्मा समाज के प्रमुख लोगों ने सामाजिक सम्मान, अधिकारों और अपने हितों की आवाज को मजबूत करने का संकल्प लिया तथा अखिलेश यादव को मुख्यमंत्री बनाने के लिए एकजुट होकर कार्य करने की बात कही।
कार्यक्रम में विश्वकर्मा समाज के बड़ी संख्या में प्रमुख लोग, सपा पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहे जिसमें प्रमुख रूप से ज़िला उपाध्यक्ष जितेंद्र मुंडे, महानगर उपाध्यक्ष अनुज गंगवार, ज़िला सचिव रामसेवक प्रजापति, सत्य देव ओझा, महानगर सचिव दीपक वाल्मीकि, यूथ ब्रिगेड के राष्ट्रीय सचिव अशोक यादव, धर्मेंद्र यादव लालू, युवजन सभा जिलाध्यक्ष डॉ. मोहित भारद्वाज, व्यापार सभा महानगर अध्यक्ष नीरज गुप्ता, अम्बेडकर वाहिनी महानगर अध्यक्ष अमित गिहार, आकाश यादव, अखिलेश शर्मा, सत्य प्रकाश ओझा, ओमवीर विश्वकर्मा, राजेंद्र शर्मा, जनार्दन शर्मा, जसवीर सिंह, रामा शंकर शर्मा, अमर राठौर, श्रीराम विश्वकर्मा, नीरज सैनी, कुलदीप राना आदि प्रमुख रूप से मौजूद रहे।
















































































