बदायूं। मदर एथीना स्कूल में ‘हिंदी दिवस’ के उपलक्ष्य में हिंदी साहित्य की महान विभूतियों की स्मृति में एक विशेष कार्यक्रम का आयोजन किया गया। जिसके अंतर्गत कक्षा-नर्सरी एवं के0जी0 के बच्चे साहित्य जगत की महान विभूतियों की वेशभूषा धारण कर विद्यालय आए। जिसमें कि सूरदास, मीरा, तुलसी, जायसी, कबीर, प्रेमचंद, जयशंकर प्रसाद, सूर्यकांत त्रिपाठी निराला, सुमित्रानंदन पंत, महादेवी वर्मा, सुभद्रा कुमारी चौहान आदि महान साहित्यकारों की वेशभूषा के साथ-साथ उनकी अविस्मरणीय ज्ञानवर्धक रचनाओं के माध्यम से उनको याद किया गया। बालरूप में ये छवियाँ बीते हुए साहित्य के स्वर्णिम युग को वर्तमान में साकार करती नज़र आ रही थीं। विद्यालय की निदेशिका चयनिका सारस्वत ने बताया कि हम ऐसे देश में रहते है जो भाषा की विविधता के लिए जाना जाता है किंतु एक हिंदी सबको एक धागे में पिरोए हुए है। हिंदी ऐसा माध्यम है जो भावों और संस्कारों के साथ-साथ हमारे जीवन को मर्यादित भी करता है जिसे कि इसके साहित्यकारों ने अपनी रचनाओं से सजाया-सँवारा है। अतः विद्यार्थियों को इसका बोध होना अत्यंत आवश्यक है।