खमरियापुल में तनाव: धार्मिक स्थल पर पथराव से बिगड़ा माहौल, चौकी पुलिस ने दबाए रखा मामला
पीलीभीत। के थाना जहानाबाद क्षेत्र के अति संवेदनशील गांव खमरियापुल में ईद मिलादुन्नबी के मौके पर शरारती तत्वों ने धार्मिक स्थल पर पथराव कर माहौल बिगाड़ने की कोशिश की। पथराव में एक युवक घायल हो गया। ग्रामीणों का आरोप है कि शाही चौकी पुलिस की मौजूदगी के बावजूद घटना को छिपाने का प्रयास किया गया, जिससे आक्रोश और बढ़ गया। फिलहाल गांव में स्थिति तनावपूर्ण होने के चलते पुलिस बल तैनात है। ग्राम खमरियापुल, जो पिछले कई वर्षों से संवेदनशील श्रेणी में है, एक बार फिर तनाव का केंद्र बन गया। चार सितंबर की रात करीब 8:30 बजे धार्मिक स्थल पर कार्यक्रम चल रहा था। इसी दौरान कुछ अज्ञात शरारतीतत्वों ने धार्मिक स्थल पर पत्थर फेंक दिए। पथराव में स्थानीय निवासी हसमुद्दीन की आंख के पास चोट लग गई। घटना की सूचना ग्रामीणों ने शाही चौकी पुलिस को दी। आरोप है कि पुलिस मौके पर पहुंची, लेकिन समुदाय विशेष के आरोपों पर दूसरे समुदाय के कुछ युवकों से केवल समझाकर लौट गई और घटना को छिपाए रही। उच्च अधिकारियों से जानकारी नहीं दी गई।
ग्रामीणों ने अफसरों को दी सूचना
आरोप है कि उसी रात करीब 10:30 बजे दोबारा मस्जिद पर पथराव हुआ। इस दौरान भी शाही चौकी पुलिस सक्रिय नहीं रही। जब ग्रामीणों ने सीधे उच्चाधिकारियों को जानकारी दी, तब जाकर पुलिस टीम मौके पर पहुंची। प्रभारी निरीक्षक प्रदीप बिश्नोई ने रात में ही घटनास्थल का निरीक्षण किया और शरारती तत्वों को चेतावनी दी। उन्होंने कहा कि शांति व्यवस्था बिगाड़ने की कोशिश करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल गांव में माहौल शांत बताया जा रहा है, लेकिन शाही चौकी पुलिस की कार्यशैली को लेकर ग्रामीणों में गहरी नाराजगी है।
ग्रामीणों में रोष
ग्रामीणों का कहना है कि खमरियापुल गांव पहले से ही अति संवेदनशील है। पुलिस की मौजूदगी के बावजूद दो बार पथराव होना गंभीर लापरवाही है। उनका कहना है कि यदि समुदाय विशेष की ओर से लोग आगे आते तो बड़ी घटना हो सकती थी।













































































