यूपी में सभी जिलों के जिलाधिकारी ने तेल, दाल,सब्जियों के बढ़ते दामों पर नियंत्रण लगाने के लिए कमर कसी
लखनऊ। उत्तर प्रदेश के सभी जिलों के जिलाधिकारी ने तेल, दाल, सब्जियों के बढ़ते दामों पर नियंत्रण लगाने के लिए कमर कस ली है. इसी कड़ी में खाद्य पदार्थों के महंगे दाम पर रोक लगाने के लिए जमाखोरी और मिलावट करने वालों के खिलाफ अभियान चलाया जाएगा. साथ ही खाद्य तेलों के स्टॉक पर नजर बनाए रखने के लिए ऑनलाइन पोर्टल पर रजिस्ट्रेशन के निर्देश भी दिए गए हैं.
DM ने दिए सख्त निर्देश
रविवार देर शाम कलेक्ट्रेट में महंगाई के चलते एक बैठक आयोजित की गई थी. यह बैठक बढ़ते महंगाई पर रोक लगाने के लिए आयोजित हुई थी. जिलाधिकारी अभिषेक प्रकाश ने सभी व्यापारियों से दलहन की तरह ही तेल के स्टॉक को ऑनलाइन पोर्टल पर रजिस्ट्रेशन कराने के निर्देश दिए है. डीएम ने सभी को चेतावनी देते हुए सख्त तेवर में कहा है कि खाने के पदार्थ में मिलावट करने वाले और जमाखोरी को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा.

मिलावटखोरों के खिलाफ लिया जाएगा एक्शन
डीएम ने आगे कहा कि जमाखोरों और मिलावटखोरों के खिलाफ छापा मारने का भी अभियान चलाया जाएगा. उन्होंने आगे व्यापारियों से अपील की कहा कि थोक रेट से ज्यादा दामों पर खाने के पदार्थों की बिक्री न करें ताकि, आम लोगों को समान खरीदने में सहूलियत मिल सके.
तेल के दाम में आई गिरावट
बैठक में फल सब्जी समिति के पदाधिकारियों ने कहा कि सब्जियों के दाम फिर से सामान्य हो रहे हैं. बीते दिनों लगातार हुई तेज बारिश के चलते फसल पूरी तरह से खराब हो गई थी. इसी कारण फल और सब्जियों के दाम बढ़ गए थे. उन्होंने आगे कहा कि फिलहाल दाल के मूल्य में लगातार गिरावट आ रही है. दाम पहले के मुताबिक कम हुए हैं. सरसो का तेल 180 रुपए प्रति लीटर आ गया है.
लगातार कोशिश में लगे हैं DM
आपको बता दें कि देश के कई राज्यों में भारी बारिश के कारण मंडियों में सब्जियां नहीं पहुंच पा रही थीं. इस वजह से प्याज, टमाटर, हरी सब्जियां, आलू के दामों में भी भारी उछाल आ गया था और बढ़ती महंगाई का सीधा असर आम जनता पर पड़ रहा है. आलम यह है कि प्याज और टमाटर मंडी में 40-50 प्रति किलोग्राम की दर से बिक रहे हैं. इसको देखते हुई डीएम अभिषेक प्रकाश ने बैठक कर आम लोगों के लिए हर संभव प्रयास करने की कोशिश कर रहे हैं.













































































