सहसवान। शनिवार को नरौरा बैराज से गंगा में छोड़े जाने वाले पानी की मात्रा में गिरावट जरूर आई लेकिन डिस्चार्ज अभी भी दो लाख क्यूसेक से अधिक बना हुआ था। कछला में मीटर गेज अब भी 162.76 मीटर पर बना हुआ है। इससे जलभराव में कोई कमी नहीं आई है और ग्रामीणों को दिक्कत का सामना करना पड़ रहा है। इधर, एसडीएम महीपाल सिंह, जिला पूर्ति अधिकारी रमन मिश्र, पूर्ति निरीक्षक प्रदीप कुमार, समाजसेवी सुबोध माहेश्वरी ने बाढ क्षेत्र का दौरा किया। उन्होंने बाढ प्रभावित परशुराम नगला, वीर सहाय नगला, भमरौलिया, खागी नगला गांव के ग्रामीणों की समस्याएं सुनीं। साथ ही इन गांवों के लोगों को मोमबत्ती, माचिस, बिस्कुट के पैकेट आदि सामान वितरित किया। एसडीएम ने कहा कि यदि बाढ की स्थिति और अधिक समय तक रहती है तो और सहायता उपलब्ध कराई जाएगी। शनिवार को नरौरा से गंगा में दो लाख चार हजार 132 क्यूसेक पानी छोड़ा गया जो शुक्रवार के मुकाबले करीब 30 हजार क्यूसेक कम था। हरिद्वार और बिजनौर के डिस्चार्ज में बडी कमी होने से अंदाजा लगाया जा रहा है कि एक दो दिन में बाढ का संकट टल जाएगा। बाढ खंड और तहसील प्रशासन हालातों पर निगाह रखे हुए है।