बदायूं।जिलाधिकारी के निर्देशों के क्रम में जिला उद्यान अधिकारी पूजा द्वारा कोल्ड स्टोर स्वामियों व आलू उत्पादक कृषकों से अनुरोध किया गया कि किसानों को आलू बेचने के लिए प्रेरित करें, क्योंकि शीतगृह से आलू निकासी लगभग 55 प्रतिशत ही हो सकी है, जबकि माह सितम्बर, 2021 में आलू निकासी 70 प्रतिशत हो जानी चाहिये थी। यदि कृषकों द्वारा समय से आलू नहीं निकाला जाता है, तो भविष्य में आलू का भाव कम हो सकता है। किसान शीतगृह में भण्डारित आलू को बेच लें, ताकि भविष्य में आलू में होने वाले नुकसान से बचा जा सके। शीतगृह स्वामियों को यह भी सुझाव दिया गया कि वह किसानों को सूचित कर आलू की निकासी कराकर प्रदेश अथवा प्रदेश के बाहर की मण्डियों की अपेक्षा आलू का बाजार भाव अधिक हो, वहां आलू बेचने के लिए किसानों को प्रेरित करें, साथ ही प्रदेश के अंदर अथवा अन्य प्रान्तों में जहां की मण्डियों में आलू का बाजार भाव अधिक है, कृषकों से सम्पर्क स्थापित कर उनके आलू को बिकवाया जाये, ताकि भण्डारण सत्र के बाद कोल्ड स्टोरेज में आलू शेष न रहे।