बदायूँ में सगे भाई और भाभी ने नटवरलाल याकूब हसन का किया राजभाष, खोली पोल,लगाए गम्भीर आरोप
बदायूं।कोतवाली क्षेत्र स्थित मोहल्ला फरसोरी टोला निवासी यूसुफ हसन औऱ उनकी पत्नी नाजरीन ने अपने देवर याकूब हसन एवं उसके परिवार पर विवाह के समय संपत्ति को लेकर गलत जानकारी देने, पति के हिस्से की संपत्ति से वंचित करने तथा कथित फर्जी बैनामा कर धोखाधड़ी करने का गंभीर आरोप लगाया है। पीड़िता ने पूरे मामले में पुलिस में शिकायत दर्ज कराने के बाद मुख्यमंत्री से न्याय दिलाने की मांग की है।पीड़िता नाजरीन के अनुसार उनका निकाह 12 नवंबर 2023 को मुस्लिम रीति-रिवाज से मोहल्ला फरसोरी टोला निवासी युसूफ हसन के साथ हुआ था। उनका आरोप है कि निकाह का रिश्ता लेकर याकूब हसन उनके पैतृक गांव आलापुर पहुंचा था, जहां उसने उनके परिजनों को बताया कि उनके पिता स्वर्गीय शमसुल हसन के शहर में दो मकान हैं और उन्हीं की संपत्ति तथा कारोबार से तीनों भाइयों का खर्च चलता है। परिवार में न तो संपत्ति का बंटवारा हुआ है और न ही कारोबार अलग है।
नाजरीन का कहना है कि विवाह के लगभग एक वर्ष तक सब कुछ सामान्य रहा, लेकिन बाद में याकूब हसन और उसके भाई यूनुस ने उन्हें तथा उनके पति को मानसिक रूप से प्रताड़ित करना शुरू कर दिया। उन्होंने आरोप लगाया कि खाने-पीने जैसी मूलभूत जरूरतों में भी परेशान किया जाने लगा और लगातार ऐसा माहौल बनाया गया कि वे घर छोड़ने को मजबूर हो जाएं।
पीड़िता का कहना है कि जब प्रताड़ना बढ़ गई तो उन्होंने याकूब हसन से पति के हिस्से की संपत्ति देने की मांग की, ताकि वे अलग रह सकें। आरोप है कि करीब चार माह पहले याकूब ने हिस्सा देने से साफ इनकार कर दिया। इसके बाद उन्होंने संपत्ति की जानकारी जुटाई तो पता चला कि एक ऐसे मकान का, जिस पर उनके ससुर का मुकदमा चल रहा था, वर्ष 2018 में कथित रूप से फर्जी तरीके से बैनामा करा लिया गया। उनका आरोप है कि जिस संपत्ति में याकूब हसन का केवल छठा हिस्सा था, उसका पूरे मकान का बैनामा साजिश के तहत करा लिया गया और इसकी जानकारी परिवार के अन्य सदस्यों को भी नहीं दी गई।
नाजरीन ने बताया कि उन्होंने 17 जुलाई 2026 को याकूब हसन के खिलाफ धोखाधड़ी सहित अन्य आरोपों में मुकदमा दर्ज कराया है। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि याकूब हसन कई लोगों का कर्जदार है और आए दिन लोग अपने रुपये मांगने उसके घर पहुंचते हैं। उनका यह भी आरोप है कि वह स्वयं को इंजीनियर बताता है, जबकि ऐसा नहीं है, तथा प्रभावशाली लोगों के साथ फोटो खिंचवाकर सोशल मीडिया पर साझा कर पुलिस और प्रशासन पर दबाव बनाने का प्रयास करता है।
पीड़िता ने मुख्यमंत्री से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराकर दोषियों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई करने की मांग की है। साथ ही उन्होंने कहा कि उन्हें जिला प्रशासन एवं वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक पर पूरा भरोसा है कि मामले की निष्पक्ष जांच कर उन्हें न्याय दिलाया जाएगा।















































































