बरेली। शहर में लगातार गिरते भूजल स्तर और बढ़ते जल संकट को लेकर अब पत्रकारों और सामाजिक कार्यकर्ताओं ने आवाज बुलंद करनी शुरू कर दी है। स्वास्थ्य सेतु चैरिटेबल ट्रस्ट के बैनर तले मीडिया कर्मियों ने जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपकर शहर में संचालित अवैध वॉशिंग सेंटरों पर कार्रवाई की मांग उठाई।ज्ञापन में कहा गया कि भीषण गर्मी के बीच आम लोग पीने के पानी के लिए परेशान हैं, जबकि दूसरी ओर शहर के कई कार वॉशिंग सेंटरों में प्रतिदिन हजारों लीटर पानी की बर्बादी की जा रही है। आरोप लगाया गया कि कई सेंटरों पर जल संरक्षण के कोई इंतजाम नहीं हैं और खुलेआम पानी बहाया जा रहा है, जिससे भविष्य में जल संकट और गंभीर हो सकता है।पत्रकारों ने प्रशासन से मांग की कि शहर में चल रहे सभी वॉशिंग सेंटरों की जांच कराई जाए और नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए। साथ ही वॉटर रीसाइक्लिंग सिस्टम अनिवार्य किए जाने और जल संरक्षण को लेकर व्यापक जनजागरूकता अभियान चलाने की भी मांग रखी गई।ज्ञापन देने वालों का कहना था कि यदि समय रहते प्रशासन ने प्रभावी कदम नहीं उठाए तो आने वाले दिनों में हालात चिंताजनक हो सकते हैं। उन्होंने चेतावनी दी कि पानी की बर्बादी के खिलाफ यह अभियान आगे भी जारी रहेगा।इस दौरान बड़ी संख्या में पत्रकार और सामाजिक कार्यकर्ता मौजूद रहे। ज्ञापन सौंपने वालों में अरुण जायसवाल, अशोक गुप्ता , रूपेंद्र कुमार, प्रवीन शर्मा, रजनीश श्रीवास्तव, रविन्द्र सिंह, प्रदीप सक्सेना, अंशु कुमार, हैदर अली, हसीन दानिश, राहुल सक्सेना और आशु समेत कई लोग शामिल रहे।