बरेली। शहर में हो रही अघोषित विद्युत कटौती और अव्यवस्थाओं को लेकर व्यापारियों में भारी आक्रोश व्याप्त है। उत्तर प्रदेश उद्योग व्यापार प्रतिनिधि मंडल के जिला अध्यक्ष देवेंद्र जोशी और महानगर अध्यक्ष शोभित सक्सेना ने बिजली विभाग पर सरकार के आदेशों की अनदेखी का आरोप लगाते हुए कहा कि मुख्यमंत्री के 24 घंटे विद्युत आपूर्ति के निर्देशों के बावजूद शहर में बिजली व्यवस्था बदहाल बनी हुई है।व्यापारियों का कहना है कि शहर में बिजली कब जाएगी और कब आएगी, इसका कोई निश्चित समय नहीं है। लगातार हो रही कटौती से व्यापार प्रभावित हो रहा है और लोगों का दैनिक जीवन भी अस्त-व्यस्त हो गया है। भीषण गर्मी में स्थिति और अधिक गंभीर हो गई है। विभाग कभी ट्रांसफार्मर खराबी तो कभी ट्रिपिंग का हवाला देकर घंटों बिजली काट रहा है। उत्तर प्रदेश उद्योग व्यापार प्रतिनिधि मंडल ने यह भी आरोप लगाया कि सर्दियों में सुधार के नाम पर की गई कटौती के बावजूद व्यवस्था में कोई सुधार नहीं हुआ। वहीं स्मार्ट मीटर में खराबी और गलत रीडिंग के कारण उपभोक्ताओं को विभाग के चक्कर लगाने पड़ रहे हैं। कई स्थानों पर ट्रांसफार्मरों पर क्षमता से अधिक लोड होने के चलते बार-बार फाल्ट हो रहे हैं।शिकायत निस्तारण व्यवस्था पर भी सवाल उठाते हुए व्यापारियों ने कहा कि कंट्रोल रूम में शिकायतें या तो दर्ज नहीं होतीं या फिर उनका समाधान 24 से 48 घंटे में किया जाता है, जिससे उपभोक्ताओं को भारी परेशानी झेलनी पड़ रही है।व्यापार मंडल ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही बिजली व्यवस्था में सुधार नहीं किया गया, तो व्यापारी सड़कों पर उतरकर आंदोलन करने को मजबूर होंगे। ज्ञापन के दौरान अमरजीत सिंह बख्शी , पोपेंदर सिंह बख्शी , सुरेंद्र त्यागी , जतिन अरोरा आदि मौजूद रहे।