बरेली। अलविदा जुमा के पावन अवसर पर बरेली के किला जामा मस्जिद परिसर में आपसी भाईचारे और गंगा-जमुनी तहज़ीब की खूबसूरत मिसाल देखने को मिली। नमाज़ अदा कर मस्जिद से बाहर निकल रहे अकीदतमंदों का हिंदू भाइयों और मुस्लिम महिलाओं ने फूलों की वर्षा कर भव्य स्वागत किया। सजदे में झुके सिरों के ऊपर से बरसते गुलाब और गेंदे के फूलों ने पूरे माहौल को मोहब्बत और सौहार्द की खुशबू से भर दिया।यह आयोजन अमन कमेटी के तत्वावधान में किया गया, जो पिछले 34 वर्षों से (सन् 1992 से) शहर में आपसी सौहार्द और भाईचारे की परंपरा को आगे बढ़ा रही है। कमेटी के प्रदेश अध्यक्ष डॉ. कादिर अहमद ने बताया कि संगठन हर धर्म और त्योहार के मौके पर लोगों को जोड़ने का काम करता है, ताकि समाज में प्रेम और एकता का संदेश मजबूत हो।कार्यक्रम के दौरान पुलिस प्रशासन भी पूरी तरह मुस्तैद रहा। क्षेत्राधिकारी और थाना किला के प्रभारी निरीक्षक अपनी टीम के साथ मौजूद रहे। अधिकारियों ने सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लेने के साथ नमाज़ियों को अलविदा जुमा की मुबारकबाद भी दी।इस आयोजन का सबसे भावुक क्षण तब देखने को मिला जब महिलाओं ने नमाज़ अदा कर बाहर निकल रहे लोगों पर गुलाब और गेंदे के फूलों की वर्षा की। इस आत्मीय स्वागत ने शहर में अमन, भाईचारे और आपसी सम्मान का संदेश दिया, जिसकी चारों ओर सराहना हो रही है।इस अवसर पर डॉ. कदीर अहमद, मो. नबी, सादिया गौस, मनोज भारती, रामनिवास दम शर्मा, दिनेश बाजपेयी, सरदार अमरजीत सिंह, महेश पंडित, अफसर खान, पाकीज़ा खान, शाद हुसैन, डॉ. शहाबुद्दीन, नीरज रस्तोगी, डॉ. सलीम अंसारी, शाहरुख खान, सय्यद सोनू अली, नदीम खान, मो. अनस, जमील अहमद, मो. समीर सहित संगठन के कई पदाधिकारी और स्थानीय पुलिस बल मौजूद रहा।