पांच राज्यों के चुनाव से पहले सियासी हलचल तेज, केरल में कांग्रेस की गारंटी तो बंगाल-तमिलनाडु में आरोप-प्रत्यारोप
नई दिल्ली। वर्ष 2026 में देश के पांच राज्यों में होने वाले विधानसभा चुनावों से पहले राजनीतिक गतिविधियां तेज हो गई हैं। विभिन्न राज्यों में राजनीतिक दल अपनी रणनीति बनाने और मतदाताओं को साधने में जुट गए हैं। केरल में कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने महिलाओं और छात्रों के लिए कई गारंटी योजनाओं का ऐलान किया, वहीं पश्चिम बंगाल और तमिलनाडु में भी सियासी बयानबाजी तेज हो गई है।
केरल में कांग्रेस सांसद और लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने कहा कि अगर राज्य में यूनाइटेड डेमोक्रेटिक फ्रंट (यूडीएफ) की सरकार बनती है तो महिलाओं, छात्रों और वरिष्ठ नागरिकों के लिए पांच गारंटी योजनाएं लागू की जाएंगी। तिरुवनंतपुरम में ‘पुथुयुगा यात्रा’ के समापन समारोह में उन्होंने महिलाओं के लिए सार्वजनिक बसों में मुफ्त यात्रा की सुविधा देने का वादा किया। इसके साथ ही कॉलेज जाने वाली छात्राओं को हर महीने एक हजार रुपये की आर्थिक सहायता देने की घोषणा की गई।
राहुल गांधी ने कहा कि वरिष्ठ नागरिकों और पात्र लोगों के लिए कल्याणकारी पेंशन को बढ़ाकर तीन हजार रुपये प्रतिमाह किया जाएगा। पूर्व मुख्यमंत्री ओमन चांडी के नाम पर एक स्वास्थ्य बीमा योजना शुरू करने की भी घोषणा की गई, जिसके तहत हर परिवार को 25 लाख रुपये तक का स्वास्थ्य बीमा कवर मिलेगा। इसके अलावा छोटे कारोबारियों को पांच लाख रुपये तक का ब्याज मुक्त ऋण उपलब्ध कराने और वरिष्ठ नागरिकों के कल्याण के लिए अलग से एक मंत्री नियुक्त करने की भी बात कही गई।
इधर तमिलनाडु में मुख्यमंत्री एम.के. स्टालिन ने मदुरै में एक रैली के दौरान एआईएडीएमके पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि अन्नाद्रमुक अब विश्वासघात का पर्याय बन गई है और उसने द्रविड़ विचारधारा के प्रतीक सी.एन. अन्नादुरई को भुला दिया है। स्टालिन ने ओ. पन्नीरसेल्वम के डीएमके में शामिल होने का स्वागत करते हुए उन्हें विनम्र और वफादार नेता बताया और सार्वजनिक जीवन में राजनीतिक शिष्टाचार बनाए रखने की भी अपील की।
पश्चिम बंगाल में भी विधानसभा चुनाव से पहले राजनीतिक दल-बदल का दौर जारी है। भाजपा के नेता और समाजसेवी मोतीउर रहमान शनिवार को सत्तारूढ़ तृणमूल कांग्रेस में शामिल हो गए। मालदा जिले के हरीशचंद्रपुर से 2021 के विधानसभा चुनाव में भाजपा उम्मीदवार रहे रहमान ने टीएमसी मुख्यालय में मंत्री ब्रत्य बसु और राज्यसभा सांसद नदीमुल हक की मौजूदगी में पार्टी की सदस्यता ली। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के नेतृत्व में चल रही विकास योजनाओं से प्रभावित होकर उन्होंने टीएमसी में शामिल होने का फैसला किया।
इस बीच मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार ने कोच्चि में कहा कि स्वच्छ और शुद्ध मतदाता सूची लोकतंत्र की बुनियाद होती है। उन्होंने बताया कि मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण की प्रक्रिया पूरी तरह पारदर्शी तरीके से की गई है ताकि कोई भी पात्र मतदाता सूची से बाहर न रह जाए और कोई अयोग्य व्यक्ति इसमें शामिल न हो।
ज्ञानेश कुमार ने कहा कि केरल की लोकतांत्रिक परंपरा बहुत पुरानी है और इस राज्य ने लोकतांत्रिक व्यवस्था को मजबूत करने में महत्वपूर्ण योगदान दिया है। उन्होंने बताया कि यहां लगभग एक हजार वर्ष पहले ‘नट्टुकुट्टम’ नाम की ग्राम सभाएं होती थीं, जिनमें लोग मिलकर सामूहिक निर्णय लेते थे। उन्होंने यह भी बताया कि 1960 में केरल में पहली बार आचार संहिता का प्रारूप तैयार किया गया था, जिसे बाद में चुनाव आयोग ने पूरे देश में लागू किया।
मुख्य चुनाव आयुक्त ने कहा कि चुनाव आयोग का उद्देश्य है कि सभी चुनाव निष्पक्ष, पारदर्शी और भरोसेमंद तरीके से कराए जाएं, ताकि लोकतंत्र की मजबूती बनी रहे।













































































