मदर एथीना स्कूल में विद्यार्थियों को पर्यावरण संरक्षण के महत्व के बारे में बताया
बदायूं। मदर एथीना स्कूल में ‘विश्व पर्यावरण दिवस’ के अवसर पर आई0आई0टी0 कानुपर से डॉ0
कामिल द्वारा पर्यावरण संरक्षण पर वेबिनार का आयोजन किया गया। डॉ0 कामिल दिल्ली
आई0आई0टी0 में विजटिंग स्कॉलर के रूप में भी कार्य रत है। डॉ0 कामिल यू0एन0 फूड एण्ड
एग्रीकल्चर ऑर्गनाइजेशन, पर्यावरण सूचना विज्ञान की अंर्तराष्ट्रीय समिति एवं सिविल
इंजीनियर्स अमेरिकन संस्था के साथ भी जुड़े हुए है। उनकी विशेष रूचि मौसम परिर्वतन,
सतत् विकास के उद्देश्य एवं कृषि कार्यों में रही है। उन्होंने विद्यार्थियों को बताया कि यह
पृथ्वी हमें जीवन के अवसर प्रदान करती है अतः इसका संरक्षण हमारी जिम्मेदारी है। पेड़ों को
काटकर अधिक रसायन एवं खाद के प्रयोग से ज़मीन को बंजर बना रहे हैं जोकि नदियों के
द्वारा समुद्र में पहुँचकर पीने के साफ पानी एवं जलीय जीवों को नष्ट कर रहा है।उन्होंने
ईको सिस्टम के आठ विभिन्न प्रकार बताएं जिसके अंतर्गत उन्होंने इन आठ महत्वपूर्ण
समस्यायें जोकि हमारे द्वारा ही उत्पन्न की गई हैं उनके समाधान के विषय में भी बताया।
उन्होंने बच्चों को प्रदूषण एवं जंगलो के नष्ट होने के कारण विभिन्न पशु-पक्षियों की विलुप्त
हो रही प्रजातियों के विषय में भी बताया। इसके साथ ही गौरेया जैसे पक्षियो के वापस लौटने
हेतु किये जाने वाले उपायों के बारे में भी जानकारी दी। विद्यार्थियों के द्वारा पूछे जाने पर
उनके प्रश्नों के उत्तर देकर उनकी जिज्ञासाओ को भी शांत किया। उन्होंने विद्यार्थियों को
पर्यावरण संरक्षण में योगदान देने के लिए अपने आस-पास वृक्षारोपण करने को प्रोत्साहित
किया।
विद्यालय की निदेशिका चयनिका सारस्वत ने बताया कि वर्तमान में बदलती
परिस्थितियों एव परिवेश में हम सभी का दायित्व और जिम्मेदारी हमारे पर्यावरण संरक्षण हेतु
और अधिक बढ़ जाती हैं जिसमें विद्यार्थियों की भमिका भी अत्यंत महत्वपूर्ण है। अतः उनको
पर्यावरण संबंधी ज्ञान प्रदान करने तथा उसमें उनकी भूमिका सुनिश्चित करने हेतु हम सदैव
इस प्रकार के कार्यक्रमों का आयोजन करते रहते हैं।














































































