11 सूत्रीय मांगो को लेकर किसान यूनियन टिकैत ने महामहिम राष्ट्रपति को भेजा ज्ञापन
बरेली। भारतीय भारतीय किसान यूनियन टिकैत के कार्यकर्ताओं ने चौधरी सोमवीर सिंह के नेतृत्व में राष्ट्रपति को संबोधित ज्ञापन जिलाधिकारी को दिया और बताया कि किसानों के तीन काले कानून की वापसी के लिए 13 महीने से दिल्ली में किसान धरना दिए बैठे रहे और धरने के दौरान 750 किसानों ने अपनी शहादत दी है संविधान की धारा अनुच्छेद 65 का सहारा लेकर सीधे कंपनियों से खरीद करना चाहते हैं जो कि संविधान के विरुद्ध है उन्होंने कहा कि कंपनियां एमएसपी रेट पर ही किसानों से खरीद करें अपने 11 सूत्री मांग पत्र में उन्होंने बताया कि महीने से किसान धनौरी बॉर्डर पर जगदीश सिंह डलेवाल अनशन पर बैठे हैं उनकी हालत बहुत खराब है इंसानियत के तौर पर जल्द से जल्द वार्ता करके सरकार के मंत्री गणों द्वारा अनशन खत्म कराया जाए पूरे देश में एमएसपी न्यूनतम मूल्य पर खरीद होनी चाहिए इससे कम रेट पर खरीद बंद होनी चाहिए किसानों की फसल खरीद एमएसपी पर पूरे देश में गारंटी कार्ड पर खरीद का कानून पास होना चाहिए दिल्ली धरने पर बैठे किसानों से साढे 750 किसान शहीद हो गए थे जिन्हें सरकार की नुमायदो ने एक सहायता राशि देने की घोषणा की थी जो जल्द दिलाने का कष्ट करें दिल्ली धरने के समय दिल्ली या पूरे देश में अलग-अलग राज्यों में जो एफआईआर दर्ज कर दी गई है सरकार के द्वारा वापस किया जाना चाहिए उन्होंने कहा कि सरकार द्वारा 2020 में एक बिल पास हुआ है जिसमें प्राइवेट कंपनी अपना मीटर लगाएगी जब सरकार द्वारा प्राइवेट ट्यूबवेल का बिल प्रदेश की सरकारों ने माफ कर दिया तो मीटर का कोई अचित नहीं रहता ट्यूबवेल पर मीटर नहीं लगने चाहिए सरकार द्वारा बिजली विभाग को प्राइवेट कंपनियों को पैसा देना चाहिए वह गलत है इससे देशवासियों के साथ बहुत बड़ी लूट होगी इसे बचाने के लिए प्राइवेट कंपनी के हाथों में बिजली विभाग नहीं जाना चाहिए फसलों के रेट में हर वर्ष महंगाई गल्ले की तरफ बढ़ने की कृपा करें जैसे गन्ना का रेट कई वर्षों तक नहीं बढ़ाया गया है ऐसी बहुत सी फैसले हैं जैसे कपास ,बाजार ,मक्का,सरसों इनके भी रेट बढ़ना चाहिए पूरे देश में हर किसान की प्रत्येक फसल का बीमा उसे कानूनी नियम के द्वारा दिया जाना चाहिए कंपनियों को फसल खराब होने पर बीमा देना पड़े । सभी गौ वंश सड़कों पर खेतों में घूमने लगे हैं आए दिन सड़कों पर गवर्नमेंट के कारण हजारों दुर्घटनाएं हो रही है कुछ सांड तो बाज़ारो ,सड़कों और खेतों में रखवाली कर रहे किसानों को मार डालते हैं। ज्ञापन देने वालों में एडवोकेट हाजी इकबाल, वीरपाल सिंह यादव ,मोहम्मद शाहिद ,ओमपाल गंगवार, पंकज कुमार शर्मा, सर्वजीत सिंह चौधरी सुधीर बालियां, नाथूलाल चौधरी शिशुपाल सिंह आदि किसान उपस्थित थे।













































































