उझानी।नगर के बाईपास पर स्थित एक अस्पताल में डिलीवरी कराने आयी महिला की बच्चे को जन्म देने के बाद हालत बिगड़ने पर परिजन उसे बदायूं उपचार को एक चिकित्सक के यहां ले गये।जहां विवाहिता की हालत बिगड़ने पर चिकित्सको ने विवाहिता को अलीगढ़ रैफर कर दिया।जहां उपचार के दौरान विवाहिता की मौत हो ग्ई।विवाहिता की मौत से परिजनों में कोहराम मच गया।वहीं परिजनों ने मृतका के शव को अस्पताल के सामने रखकर डॉक्टर पर इलाज में लापरवाही बरतने का आरोप लगाते हुए हंगामा काटा।बाद में दोनों पक्षों में समझौता हो गया।
कोतवाली क्षेत्र के ग्राम बरसुआ निवासी ओमेंद्र अपनी गर्भवती पत्नी राधा (30) वर्षीय को लेकर नगर के बाईपास पर स्थित एक प्राइवेट अस्पताल में डिलीवरी कराने 12 सितंबर को आया था।जहां राधा के ऑप्रेशन के बाद एक मृत बच्ची पैदा हुई।वहीं चिक्तिसको ने एक सप्ताह बाद महिला की छुटटी कर दी।घर जाकर महिला के टांके टूट गये।परिजनों ने बताया कि टांके टूटने के बाद वह राधा को लेकर अस्पताल पहुंचे जहां चिकित्सको ने महिला के टांके लगाकर अलीगढ़ मेडिकल कॉलेज भेज दिया।सोमवार की सुबह उपचार के दौरान अलीगढ़ मेडिकल कॉलेज में महिला की मौत हो गई।महिला की मौत के बाद परिजनों ने मृतका के शव को लाकर नगर के बाईपास पर स्थित प्राइवेट अस्पताल के गेट पर रखकर हंगामा काटते हुए चिकित्सक पर आप्रेशन में लापरवाही का आरोप लगाया है।वहीं बाद में दोनों पक्षों में आपसी समझौता हो गया और परिजन मृतका के शव को घर ले गये।वहीं महिला की मौत से परिजनों में कोहराम मचा हुआ है।