दंडवत यात्रा पर निकलीं चचेरी-तहेरी बहनें, वजीरगंज में पुष्प वर्षा से हुआ स्वागत
बदायूं। जिले के वजीरगंज विकासखंड क्षेत्र के गांव बरौर अमानुल्लापुर से दो चचेरी-तहेरी बहनें दंडवत यात्रा करते हुए प्राचीन प्रसिद्ध भोलानाथ मंदिर के लिए रवाना हुईं दोनों बहनें अपनी मनोकामना लेकर दंडवत करते हुए मंदिर की ओर बढ़ रही हैं,वजीरगंज पहुंचने पर स्थानीय लोगों ने पुष्प वर्षा कर उनका भव्य स्वागत किया,बरौर अमानुल्लापुर निवासी कामिनी (16), पुत्री नेमसिंह और काजल (17), पुत्री श्यामवीर सिंह सावन के महीने में दूसरी बार दंडवत यात्रा कर रही हैं,दोनों बहनें प्रत्येक सावन में दो बार दंडवत यात्रा करती हैं। इस बार भी उन्होंने गांव से अपनी यात्रा शुरू की और दंडवत करते हुए वजीरगंज के प्राचीन भोलानाथ मंदिर पहुंचकर यात्रा पूर्ण करने का संकल्प लिया है,दंडवत यात्रा के दौरान दोनों बहनों के साथ उनके माता-पिता भी चल रहे हैं,सुरक्षा व्यवस्था को देखते हुए वजीरगंज थाना पुलिस का बल भी यात्रा के साथ मौजूद है। दोनों बहनों की श्रद्धा और कठिन साधना को देखने के लिए रास्ते में लोगों की भीड़ जुट रही है,वजीरगंज में श्याम प्रेमी दीपक वार्ष्णेय पीडी ने मानवता और श्रद्धा की मिसाल पेश करते हुए दोनों बहनों पर पुष्प वर्षा कर उनका स्वागत किया,उन्होंने कहा कि वजीरगंज का प्राचीन प्रसिद्ध भोलानाथ मंदिर श्रद्धालुओं की आस्था का प्रमुख केंद्र है,सावन के महीने में यहां दूर-दूर से श्रद्धालु और कांवड़िए पहुंचते हैं तथा भगवान भोलेनाथ का जलाभिषेक कर मनोकामना पूर्ण होने की प्रार्थना करते हैं,कामिनी और काजल के पिता श्यामवीर सिंह ने बताया कि दोनों बहनों ने बरौर अमानुल्लापुर से दंडवत यात्रा शुरू की है और वजीरगंज के भोलानाथ मंदिर पहुंचकर यात्रा पूरी करेंगी। उन्होंने बताया कि दोनों बहनें सावन में दो बार दंडवत यात्रा करती हैं और इस बार यह उनकी दूसरी यात्रा है,सावन के सोमवार पर वजीरगंज का नजारा आस्था से सराबोर रहा। एक ओर जहां कांवड़ियों के जत्थे बम-बम भोले के जयकारों के साथ मंदिर की ओर बढ़ रहे हैं, वहीं दूसरी ओर दोनों चचेरी-तहेरी बहनें दंडवत यात्रा करते हुए भगवान भोलानाथ के दरबार में पहुंचने के लिए कठिन साधना कर रही हैं,उनकी श्रद्धा और आस्था को देखकर स्थानीय लोग भी भावुक नजर आए और जगह-जगह उनका उत्साह बढ़ाया,
















































































