बदायूं : अल्लापुर रोड स्थित ईश्वरधाम कालोनी में सुरेश मिश्रा के आवास पर श्रद्धा और भक्तिभाव के साथ सामूहिक रुद्राभिषेक किया गया। श्रद्धालुओं ने गंगाजल और दूग्ध से रुद्राभिषेक किया। मुख्य यजमान सुरेश मिश्रा और प्रदन्या मिश्रा ने बिल्वपत्र, भांग, धतूरा, फल, फूल और मिष्ठान अर्पित कर विधिवत पूजा-अर्चना की।यज्ञवीर की उपाधि से विभूषित गायत्री परिवार के संजीव कुमार शर्मा ने कहा कि श्रद्धा और विधि से किया गया रुद्राभिषेक मन को एकाग्र करने, सकारात्मक विचारों को बढ़ाने और आत्मचिंतन की प्रेरणा देने वाला धार्मिक अनुष्ठान है। इसका सबसे बड़ा लाभ तभी है, जब आचरण में भी परिवर्तन लाए। शर्मा ने कहा कि गंगाजल से अभिषेक हमें पवित्रता और निर्मलता, दुग्ध शीतलता एवं सात्विकता और बिल्वपत्र समर्पण का संदेश देता है। शिवलिंग पर रुद्राभिषेक करते समय संकल्पित हों कि अपने भीतर के क्रोध, अहंकार, लोभ, ईर्ष्या और द्वेष को भी त्यागेगें।उन्होंने कहा कि भगवान नीलकंठ का स्वरूप मनुष्य को सिखाता है कि जीवन में आने वाली विषम परिस्थितियों में धैर्य और सहनशीलता बनाए रखें। शिव का वैराग्य सादगी का, त्रिनेत्र विवेक का और गंगा पवित्र विचारों का संदेश देती है। यदि मनुष्य इन गुणों को अपने जीवन में उतार लें, तो उसके विचार, व्यवहार और जीवन की दिशा में सकारात्मक परिवर्तन आ सकता है।रुद्राभिषेक के माध्यम से मनुष्य सत्य बोलेगा, संयम रखेगा, माता-पिता का सम्मान करेगा, जरूरतमंदों की सहायता करेगा और समाज में प्रेम एवं सद्भाव बढ़ाएगा।रुद्राभिषेक के बाद घंटे-घड़ियालों और शंखनाद के बीच भगवान शिव की आरती की गई। श्रद्धालुओं ने हर-हर महादेव के जयघोष के साथ परिवार, समाज, राष्ट्र और समस्त प्राणिजगत के सुख-शांति एवं कल्याण की प्रार्थना की। इस मौके पर अभया मिश्रा, पूर्वंशी, मिष्टी, कुसुम, वंश, प्रियंका आदि मौजूद रहीं।