जिलाधिकारी अविनाश सिंह की अध्यक्षता में सराफा एसोसिएशन पदाधिकारियों के साथ
बरेली।बैठक में अवगत कराया गया कि भारत में खपत होने वाले सोने का 90 प्रतिशत बाहर से आयात किया जाता है। इसके अतिरिक्त क्रूड ऑयल, विभिन्न उर्वरक भी बाहर से आयात किया जाता है। उन खर्चो को कम करने और विदेशी मुद्रा कि दृष्टि से देश को समृद्ध करने के उद्देश्य से प्रधानमंत्री मोदी जी ने देश के नाम अपील की है। सभी लोगों को उसका अनुपालन करना चाहिए और नेशन फर्स्ट की भावना से काम करना चाहिए।कलेक्ट्रेट सभागार में हुई बैठक में जिलाधिकारी अविनाश सिंह ने सराफा व्यापारियों से कहा कि भारतीय परम्परा के अनुसार शादी विवाह एवं अन्य त्योहारों जैसे अक्षय तृतीया, धनतेरस, दीपावली आदि अवसरों पर सोने की भारी मात्रा में लेन/देन अवश्य किया जाता है तो इसके लिए पुरानी ज्वेलरी का उपयोग कर नयी ज्वेलरी बनवायी जाबैठक में व्यापारियों द्वारा बैंकों में सीसी लिमिट व लोन की रिकवरी आदि को लेकर व जीएसटी कम होने पर विभाग द्वारा जारी नोटिस को लेकर अपनी चिंता व्यक्त की गयी। जिलाधिकारी अविनाश सिंह ने कहा कि पुराने सोने की रिसाइकिलिंग से आभूषण बनाएं और अपने यहां आने वाले लोगों को इसके लिए प्रोत्साहित करें। उन्होंने जीएसटी नोटिस आदि को लेकर कहा कि हम भी समझते हैं कि जब आपका व्यापार प्रभावित होगा तो जीएसटी पर भी असर पड़ेगा तथा सीसी आदि को लेकर भी बैंकों से बात की जाएगी।बैठक का मुख्य उद्देश्य देश की अर्थव्यवस्था को मजबूती प्रदान करना, विदेशी मुद्रा भंडार पर पड़ रहे वैश्विक दबाव को कम करना तथा सोने के आयात को नियंत्रित करने के संबंध में व्यापारियों से संवाद स्थापित किया गया।जिलाधिकारी ने उपस्थित व्यापारियों से देशहित में स्वेच्छा से सोने एवं चांदी की बुलियन खरीद- बिक्री को हतोत्साहित करने का आग्रह किया। इस पर सर्राफा व्यापारियों एवं एसोसिएशन पदाधिकारियों ने पूर्ण सहयोग का आश्वासन देते हुए कहा कि वे राष्ट्रहित में शासन एवं प्रशासन का हर संभव सहयोग करेंगे।व्यापारियों द्वारा यह भी अवगत कराया गया कि स्थानीय स्तर पर मुख्य व्यापार आभूषणों की बिक्री का है, जहां अधिकांश ग्राहक पुरानी ज्वेलरी के बदले नई ज्वेलरी खरीदते हैं तथा बुलियन का कारोबार सीमित स्तर पर होता है।बैठक के दौरान व्यापारियों द्वारा सुरक्षा व्यवस्था से संबंधित कुछ व्यावहारिक समस्याएं भी रखी गयी, जिस पर जिलाधिकारी ने समस्याओं को गंभीरता से लेते हुए उनके त्वरित एवं प्रभावी समाधान का आश्वासन दिया।
बैठक में राज्यकर अधिकारी, सर्राफा व व्यापारीगण सहित संबंधित अधिकारीगण उपस्थित रहे। निर्भय सक्सेना















































































