बरेली। प्रेमनगर स्थित मैकेनियर रोड पर श्री शिव महापुराण की पावन कथा का शुभारंभ अंतर्राष्ट्रीय कथा प्रवक्ता शैवाचार्य श्री प्रशांत प्रभु जी महाराज के श्रीमुख से हुआ। कथा के प्रथम दिन भव्य कलश यात्रा निकाली गई, जिसमें बड़ी संख्या में माताएं-बहनें सिर पर कलश धारण कर टिबरीनाथ मंदिर से कथा स्थल तक पहुंचीं। धार्मिक भजनों पर झूमती महिलाओं ने पूरी यात्रा को भक्तिमय वातावरण से भर दिया। कलश यात्रा के बाद श्रद्धालुओं को प्रसाद का वितरण किया गया। दोपहर तीन बजे भगवान शिव का स्वागत पूजन एवं व्यास गद्दी पूजन कर कथा का विधिवत शुभारंभ हुआ। आचार्य कार्तिकेय, आचार्य सत्यम एवं आचार्य राघवेंद्र ने पूजन संपन्न कराया। प्रथम दिवस की कथा में शिव महापुराण का माहात्म्य, शौनकादि ऋषियों द्वारा नन्दिकेश्वर जी से भगवान चंद्रमौलि की कथा श्रवण हेतु तपस्या तथा यज्ञदत्त जैसे महापापी के केवल शिव कथा श्रवण से शिवलोक प्राप्त करने जैसे प्रसंगों का भावपूर्ण वर्णन किया गया। महाराज श्री ने बताया कि शिव महापुराण सात संहिताओं में विभक्त है, जिनमें शिव भक्ति, शिवलीला, पूजा विधि तथा पाठ के फल का विस्तार से वर्णन है। इस अवसर पर कथा संयोजक प्रमोद माहेश्वरी, नीरेश माहेश्वरी, कपिल माहेश्वरी, अंकित माहेश्वरी सहित बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे।