बदायूं में एकीकृत शिक्षक प्रशिक्षण मॉडल संपूर्ण के तहत पांच दिवसीय शिक्षक प्रशिक्षण कार्यक्रम

बदायूं। यूपी के सभी जनपदों में निपुण लक्ष्य की प्राप्ति करने के लिए सभी शिक्षक शिक्षिकाओं को प्रशिक्षण प्रदान किया जा रहा है। इस क्रम में जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान बदायूं में एकीकृत शिक्षक प्रशिक्षण मॉडल संपूर्ण पर आधारित पांच दिवसीय शिक्षक प्रशिक्षण कार्यक्रम का शुभारंभ हुआ। डायट परिसर में डायट एकीकृत शिक्षक प्रशिक्षण मॉड्यूल संपूर्ण का प्रशिक्षण डायट परिसर में प्रारंभ किया गया प्रथम बैच में चार ब्लॉक के 200 प्रशिक्षणर्थियों को यह प्रशिक्षण प्रदान किया गया। इस प्रशिक्षण के दौरान मां सरस्वती को सर्वप्रथम दीप प्रज्वलित कर डायट प्राचार्य गिरजेश कुमार चौधरी तथा वरिष्ठ डाइट प्रवक्ता राकेश कुमार प्रभारी सेवारत प्रशिक्षण डॉ अमित शर्मा तथा इस प्रशिक्षण के नोडल दिलीप कुमार ने मां सरस्वती के समुद्री प्रचलित कर कार्यक्रम का प्रारंभ किया ,प्राथमिक व संविधान प्राथमिक विद्यालयों के शिक्षकों हेतु एकीकृत प्रशिक्षण मॉडल संपूर्ण विषय आधारित पांच दिवसीय प्रशिक्षण डाइट में आयोजित किया जा रहा है। इस कार्यक्रम का समापन किया गया। समापन के वक्त सभी प्रतिभागियों को प्रशस्ति पत्र प्रदान किए गए कार्यक्रम की शुरुआत में मां सरस्वती के सम्मुख सरस्वती वंदना तत्पश्चात अभियान गीत के साथ किया गया। प्रतिदिन पांच दिवस तक चलने वाले इस कार्यक्रम में सुबह 9:30 से 5:30 बजे तक प्रति भाग्य में प्रतिभाग किया एवं प्रशिक्षण पूर्ण परीक्षण तथा प्रशिक्षण पूर्ण हो जाने के बाद पश्चिम प्रशिक्षण में सभी ने हिस्सा लिया। इस दौरान मनोविज्ञान कक्षा नर्सरी कक्षा स्मार्ट कक्षा और सभागार के ऊपरी तल पर प्रशिक्षण का कार्य संचालित किया गया। कक्ष प्रभारी वसीम अहमद सुनील कुमार अमित शर्मा दिलीप कुमार और गीता ने संदर्भ दाता प्रभात कुमार प्रभाकर सक्सेना बीपी सिंह गौतम विजय कौशिक मुकेश सारस्वत विवेक शुक्ला सहर व्यास मीनाक्षी और अंबिका के साथ सहयोग करते हुए समस्त निर्देशों का पालन करते हुए प्रशिक्षण के निर्धारित तिथियां में प्रातः बेला से लेकर संध्या बेला तक सभी सत्रों का संचालन किया गया। पीटी व सहायक सामग्री के माध्यम से कार्यक्रम का सफल संचालन किया गया । इस प्रशिक्षण की विषय वस्तु कुछ इस प्रकार से रही निपुण भारत अभियान एनसीईआरटी नवीन पाठ्य पुस्तकों के संदर्भ में भाषा हिंदी संस्कृत उर्दू अंग्रेजी की शिक्षक योजनाएं नीतियां नैतिक शिक्षा मूल्य बोध योजना शिक्षण योजना का निर्माण पाठ योजना निर्माण इकाई योजना निर्माण जीवन कौशल में नवाचार करते हुए जीवन के सभी पहलुओं पर मंथन किया गया नवाचार समावेशी कक्षा कक्ष प्रबंधन और अनुभव आत्मक शिक्षक तथा आकलन प्रपत्र निर्माण और अवलोकन मूल्यांकन पर्यावरण शिक्षा एवं गणित शिक्षण पर पांच दिवसों पर प्रतिभागियों के साथ खुले छोर से चर्चा पर चर्चा की गई इस प्रशिक्षण के दौरान कक्षा कक्ष प्रबंधन के दौरान विद्यालय प्रबंधन को समझाते हुए कक्षा का किस प्रकार से व्यवस्थित किया जाए तथा बच्चों के हित में किस प्रकार कितने प्रकार के टीएम का निर्माण किया जाए भाषा विकास के लिए बच्चों के साथ मिलकर किस प्रकार की रणनीति तैयार की जाए एवं बच्चों के बीच में आ रही खामियों और कमियों को दूर करने के लिए किस प्रकार से रणनीति तैयार की जाए आदि पर खुलकर चर्चा की गई ।साथ ही सभी को प्रोजेक्ट वर्क के तहत एक केस स्टडी करने को कहा गया ।जिसमें सभी ने अपनी केस स्टडी सबमिट करते हुए अपने-अपने सुझाव लिखित रूप में प्रस्तुत किया। इस प्रशिक्षण में 200 से अधिक प्रतिभागी है और सभी ने अपने उन्मुखीकरण के इस अनूठी पहल को सरहाना की उन्होंने बताया कि यह प्रशिक्षण अपने आप में सभी को लाभान्वित पहुंचने वाला है सर्वप्रथम समय का सदुपयोग किया गया सभी शिक्षण सामग्री तथा सभी विषयों का समावेश करते हुए इस एकीकृत प्रशिक्षण में 5 आई पर पूरे जोड़ देते हुए उसे समझाया गया संदर्भ दाताओं द्वारा समय-समय पर गतिविधियां करवाई गई जो कि बच्चों के सर्वांगीण विकास के लिए हिट कर रही समापन समारोह पर डायट प्राचार्य जी ने सभी आगंतुक शिक्षक शिक्षिकाओं को भविष्य में इन गतिविधियों के द्वारा अपने नन्हे मुन्ने बच्चों के पंखों को उड़ान भरने के लिए शक्ति प्रदान करते हुए इसका उपयोग करने के लिए कहा साथ ही नवाचार के द्वारा आप नित्य नई विधाओं का प्रयोग करते हुए समय स्थिति देश और कल को ध्यान में रखते हुए अपने केस स्टडी का अनुपालन करें और उन्हें कक्षा कक्ष की उन्नति बच्चों के भविष्य निर्माण एवं विद्यालय प्रबंधन के सुदृढ़ता के लिए उपयोग में लाया जाए राज्य सरकार द्वारा प्रदत किए गए प्रिंट रिच का सदुपयोग किया जाए ऐसी मानसा के साथ सबको शुभ आशीष प्रदान किया कार्यक्रम का संचालन संदर्भ दाता प्रभात कुमार तथा मीनाक्षी देवी ने संयुक्त रूप से किया। प्रशिक्षण का दूसरा बैच 25 अगस्त से प्रारंभ होगा तथा दूसरे बैच का समापन 29 अगस्त को किया जाएगा।