अदनान मियाँ ने दी तालीम और पर्दे को अपनाने की नसीहत

WhatsApp Image 2025-08-19 at 7.41.26 PM
WhatsAppImage2024-05-04at205835
previous arrow
next arrow

बरेली। उर्स-ए-रज़वी व उर्स-ए-अमीन-ए-शरीअत के दूसरे दिन मरकज़ी मस्जिद बीबी जी में इशा की नमाज़ के बाद हुज़ूर मुफ़्ती-ए-आज़म हिंद कॉन्फ्रेंस हुई। नबीरा-ए-आला हज़रत व ऑल इंडिया रज़ा एक्शन कमेटी के राष्ट्रीय अध्यक्ष मौलाना अदनान रज़ा क़ादरी ने कॉन्फ्रेंस की सरपरस्ती फ़रमाई। उन्होंने तालीम और पर्दे को अपनाने और नशाख़ोरी जैसी बुराइयों से बचने की नसीहत की। नबीरा-ए-आला हज़रत ने कहा कि मुस्लिम बच्चियों के ईमान और जान की हिफ़ाज़त के लिए इज्तेमाई निकाह की जो मुहिम शुरू की गई है, उसको इस साल भी बड़े पैमाने पर जारी रखा जाएगा।
उर्स के दूसरे दिन सुबह से ही चादरों के जुलूस आरएसी मुख्यालय “बैतुर्रज़ा” पहुँचते रहे। मनहेरा, बिहार कलाँ, सेंथल, गुप्लापुर, गैनी, भोजीपुरा, नवाबगंज, भूड़ा, जैड़, बिथरी चैनपुर से चादरें लेकर आए अक़ीदतमंदों ने हज़रत अदनान मियाँ से मुलाक़ात कर दुआएं लीं और फिर आला हज़रत के मज़ार शरीफ़ पर चादरें पेश कीं। इसके अलावा बाहर से आए हुए अक़ीदतमंद भी बड़ी तादाद में हज़रत अदनान मियाँ से दुआएं लेने पहुँचे। शहर में अलग-अलग जगहों के अलावा “बैतुर्रज़ा” पर भी बड़े स्तर पर लंगर-ए-आम जारी रहा। आरएसी के पदाधिकारी व कार्यकर्ता हेल्पलाइन, फ्री टेंपो सेवा, फ्री मेडिकल कैंप के ज़रिए ज़ायरीन की मदद में जुटे रहे।
इशा की नमाज़ के बाद मरकज़ी मस्जिद बीबी जी में मुफ़्ती आज़म-ए-हिंद कॉन्फ्रेंस का आग़ाज़ हुआ। मुफ्ती उमर रज़ा साहब ने कलाम-ए-पाक की तिलावत की। इसके बाद नातो-मनक़बत के नज़राने पेश किए गए और उलामा ने तक़रीरें फ़रमाईँ। आख़िर में नबीरा-ए-आला हज़रत ने ख़िताब फ़रमाया। सबसे पहले उन्होंने ईमान और अक़ीदे की हिफ़ाज़त का ज़िक्र किया। इसके बाद तालीम पर ज़ोर देते हुए कहा कि मुसलमान अपने बच्चों की पढ़ाई पर ध्यान दें। शादियों में फिज़ूलख़र्च और ग़ैरज़रूरी रस्मों से बचें और अपनी मेहनत की कमाई को बच्चों की पढ़ाई पर लगाएं ताकि उनके बच्चे बड़े होकर न सिर्फ अपने कुनबे की बल्कि पूरी क़ौम की ख़िदमत कर सकें। नबीरा-ए-आला हज़रत ने पर्दे की अहमियत पर भी ज़ोर दिया। उन्होंने कहा कि हमें अपनी बच्चियों की हिफ़ाज़त पर बहुत ज़्यादा ध्यान देने की ज़रूरत है। उन्हें पढ़ाएं ज़रूर मगर उनकी असमत और वक़ार की हिफ़ाज़त पर भी ध्यान दें। हमारी ज़िम्मेदारी है कि हम बेटियों को ईमानदार, पढ़ी-लिखी, सलीक़ामंद, पर्देदार और परहेज़गार बनाएं ताकि उनका दीन भी संवर जाए और दुनिया भी। उन्होंने कहा कि मुस्लिम बच्चियों के ईमान और जान की हिफ़ाज़त के लिए आरएसी ने जो इज्तेमाई निकाह की मुहिम शुरू की है। इस साल भी यह मुहिम जारी रहेगी।
नबीरा-ए-आला हज़रत मौलाना अदनान रज़ा क़ादरी ने हिदायतों से भरपूर तक़रीर में नशाख़ोरी से बचने की ताकीद फ़रमाई। उन्होंने कहा कि इस्लाम में सिर्फ शराब ही नहीं बल्कि हर तरह का नशा हराम है। यह ईमान, सेहत और गाढ़ी कमाई को खा जाता है। नबीरा-ए-आला हज़रत ने कहा कि फ्रूट बीयर जैसे नामों से नौजवानों को शराब का आदी बनाने की साज़िश रची जा रही है। इसी तरह जुए की भी नई-नई क़िस्में ईजाद करके क़ौमो-मिल्लत को बर्बाद करने के मंसूबे बनाए जा रहे हैं। इस पुरफ़ितन दौर में ज़रूरी है कि हम सब अपने दीन पर चलते हुए ज़िंदगी बसर करें। इसका एक आसान रास्ता यह भी है कि अपने बुज़ुर्गों की ताकीद और नसीहत को याद रखें। हुज़ूर मुफ़्ती-ए-आज़म-ए-हिंद के बताए रास्ते पर चलें और अपनी दुनिया व आख़िरत को संवारें। इन अज़ीम हस्तियों को यही सच्चा ख़िराज-ए-अक़ीदत होगा।
कॉन्फ्रेंस में मुफ्ती उमर रज़ा, सय्यद शबाहत मियाँ, सय्यद फरमान मियाँ, अहमद-उल-फत्ताह फैज़ाबादी, मुहम्मद अली फ़ैज़ी, मीर हसन मुस्तफ़ाई, अक़ील सिद्दीक़ी, ग़ुलाम ग़ौस ग़ज़ाली, इमरान जाफ़र, फ़ुरक़ान रज़ा, नसीम बरकाती, हमदम फ़ैज़ी, मुरसलीन रज़ा ने तक़रीरें कीं। हाशिम हुसैनी, रियाज़ अख़्तर, नईम अख़्तर, उस्मान रज़ा, आज़म तहसीनी, शुएब रज़ा, शरीफ़ अख़्तर, ताबिश रज़ा, फ़रहान बरकाती, मौलाना सैफ़ रज़ा, मुफ़्ती शराफ़त ने नातिया कलाम पेश किए। संचालन हाफ़िज़ इमरान रज़ा बरकाती ने किया। इस मौक़े मौलाना कमरुज्जमा,राजू बाबा, मोहम्मद जुनैद,सय्यद मुशर्रफ हुसैन, हनीफ अज़हरी,सईद सिब्तेनी,नज़्म बरकाती,मुफ्ती आमिर जफर,मौलाना आरिफ रज़ा खान,मौलाना लईक रज़ा,मौलाना समर रजवी, मौलाना अब्दुल कादिर, मौलाना मुमताज बरकाती, मौलाना गुलाम रहमानी, मौलाना अरमान रज़ा,हाफिज आरिफ रज़ा,हाफिज जाहिद हुसैन,सय्यद रिज़वान रज़ा,शाहनवाज रज़ा,मोहम्मद चांद,मोहम्मद यूसुफ,इब्ने हसन,काशिफ रज़ा,फुरकान रज़ा,मोहम्मद रज़ा,साहिल रज़ा,मोहम्मद अहमद,उवैस खान,मोहम्मद आसिफ,रेशु खान,अबूजर खान,मोहम्मद वसीम,इमरान वारसी,तंजीम रज़ा, मोहम्मद ताहिर,शरीफ मियां,आफताब अली, तस्सवर अहमद,अमीरूल,काशिफ रज़ा,इश्तियाक अहमद,अनवर हुसैन,आकिब रज़ा, मोहम्मद अनस, इम्तियाज अहमद,मोहम्मद,चांद रज़ा,अतीक अहमद,सरताज रज़ा,दिलशाद,फैजान खान,सहीम खान,अलीम कुरैशी,अनीस रज़ा, नदीम, सरोज खान,शरीफ खान, शाहरुख खान,मुस्तकीम खान,तौफीक खान,अरशद खान, जाकिर हुसैन, मोहम्मद कासिम,अब्दुल हक, मोहम्मद तस्लीम,मोहम्मद आरिफ,फरीद रज़ा,हाफिज अरशद अरशद रज़ा,अफजल अली,शानू खान, मोहम्मद वारिस, सुब्हान रज़ा,मंजूर हुसैन,अमन रज़ा,अरमान रज़ा,सलीम रज़ा, समीर रज़ा,मोहम्मद शाकिर, सरफराज़ रज़ा,शाने अली,रशीद रज़ा,सलमान रज़ा,मोहम्मद जाबिर,आशिक खान रिज़वान खान, मोहम्मद नाजीर,मोहम्मद अशफाक,मोहम्मद अयान,मोहम्मद रिजवान,मोहम्मद तौसीफ,चांद बाबू,यासीन गद्दी मुईद रज़ा,मोहम्मद नफीस, मोहम्मद याकूब,गौस मोहम्मद, डॉक्टर अयाज, मोहम्मद हारून,सय्यद फ़िरासत अली,अब्दुल खान,हसीन खान, मोहम्मद मियां, जाफर खान, मोहम्मद कौनैन, मोहम्मद आसिफ,शब्बू,शाहबाज रज़ा, शरिक रज़ा,तौहीद रज़ा,बड़ी तादाद में आरएसी के पदाधिकारी व कार्यकर्ता मौजूद रहे।

ReferralCodeLLVR11
previous arrow
next arrow
WhatsAppImage2024-06-13at1242061
previous arrow
next arrow
WhatsAppImage2025-06-11at40003PM
previous arrow
next arrow
WhatsAppImage2024-10-20at41111PM1
previous arrow
next arrow
WhatsAppImage2023-04-17at53854PM4
previous arrow
next arrow
Home
Live TV
VIDEO NEWS
Verified by MonsterInsights