चंदौसी में सीबीआई का छापा, रेलवे इंजीनियर को हिरासत में लिया, रिश्वत की शिकायत पर कार्रवाई

चंदौसी। में रेलवे के इंजीनियरिंग विभाग के कार्यालय पर सीबीआई ने छापा मारा। वित्तीय अनियमितता व भुगतान के लिए रिश्वत की शिकायत पर सीबीआई गाजियाबाद से पहुंची थी। आईओडब्ल्यू और एईएन के दफ्तर में दस्तावेज देखे। कुछ फाइलें जब्त कर लीं। घंटों तक सहायक अभियंता (एईएन) से पूछताछ की। इसके बाद टीम उन्हें अपने साथ ले गई। इससे मुरादाबाद मंडल मुख्यालय तक इंजीनियरिंग विभाग के अधिकारियों और कर्मचारियों में हलचल रही। मामला ट्रैक पर किए गए कई कार्यों से भुगतान से जुड़ा बताया जा रहा है।चर्चा है कि रेलवे के कुछ इंजीनियरों ने इसमें एक करोड़ से ज्यादा का घोटाला किया है। हालांकि आधिकारिक तौर पर किसी अधिकारी ने इस मामले में बयान नहीं दिया है। एक ठेकेदार की शिकायत पर सीबीआई ने जांच पड़ताल की है। काफी छानबीन के बाद शिकायत सही मिलने पर टीम ने चंदाैसी पहुंचाकर छापा मारा। रातभर इंजीनियरिंग विभाग के कर्मचारी यह पता लगाने में जुटे रहे कि सीबीआई एईएन को कहां ले गई है, लेकिन कोई खबर नहीं मिली।
बिजनौर के सीजीएसटी अधीक्षक को दिया गजरौला व अमरोहा का प्रभार
अमरोहा के व्यापारी से एक लाख रुपये की रिश्वत लेने के आरोप में सीजीएसटी अधीक्षक निशान सिंह मल्ली के फंस जाने के बाद बिजनौर के अधीक्षक को जिले के दोनों कार्यालय की अतिरिक्त जिम्मेदारी सौंपी गई है। लक्ष्मी नगर मोहल्ले में हाईवे किनारे केंद्रीय वस्तु एवं सेवाकर विभाग का कार्यालय है।अमरोहा में आवास विकास कॉलोनी में कार्यालय है। जिले के दोनों कार्यालयों में गजरौला व अमरोहा में संचालित औद्योगिक इकाइयों और फर्म के पंजीकरण, उन पर टैक्स लगाने, भौतिक सत्यापन करने के काम किए जाते हैं। इसके अलावा फर्म एवं औद्योगिक इकाइयों के सामने आ रहीं समस्याओं का समाधान किया जाता है।सीजीएसटी अधीक्षक निशान सिंह मल्ली पर अमरोहा का अतिरिक्त प्रभार था। बीते महीने उनको और एक वकील को अमरोहा में व्यापारी से एक लाख रुपये की रिश्वत लेते हुए सीबीआई ने गिरफ्तार किया। इसके बाद जिले में अब कोई अधीक्षक नहीं है। जबकि गजरौला में तीन हजार फर्म का पंजीकरण और अमरोहा में भी करीब इतनी ही फर्म पंजीकृत हैं। दोनों कार्यालयों में अधीक्षक नहीं हैं। एक-एक इंस्पेक्टर ही तैनात हैं। जिससे उनको विभागीय कार्य करने में परेशानी आ रही है।
उधर गजरौला के इंस्पेक्टर कृष्ण गोपाल पारिवारिक समस्या से जूझ रहे हैं। इस कारण वह एक सप्ताह तक अवकाश पर रहे। तब तक कार्यालय कभी कभार खुला। विभागीय कार्यों के संचालन के लिए बिजनौर के अधीक्षक जितेंद्र कुमार को जिले के दोनों कार्यालयों के अधीक्षक की अतिरिक्त जिम्मेदारी सौपी गई है।