बदायूं। स्काउट भवन प्रशिक्षण केंद्र पर माक ड्रिल का अभ्यास कराया गया। स्काउट गाइड को युद्ध के दौरान कैसे बचें, लोगों को सुरक्षित स्थानों तक कैसे पहुंचाएं और क्या करें और क्या न करें आदि की जानकारी दी गई। जिला संगठन कमिश्नर मो. असरार ने कहा कि आपातकालीन स्थिति में धैर्य न खोएं हिम्मत से काम लें। स्वयं को तैयार रखें, आवश्यक वस्तुओं को साथ रखें। सायरन बजाने पर घर के अंदर रहें, लाइट बंद रखें। अफवाहों पर ध्यान न दें। केवल आधिकारिक सूचना स्रोतों पर भरोसा करें। पूर्व जिला ट्रेनिंग कमिश्नर संजीव कुमार शर्मा ने कहा कि युद्ध जैसे हालातों में घबराएं नहीं। हर भारतीय की मदद करें। उन्होंने कहा कि अचानक आने वाली दुर्घटनाओं का सामना करें, स्वयं सुरक्षित रखें। पानी की बोतलें, ड्राई फूड, टॉर्च, रेडियो, प्राथमिक उपचार किट, जरूरी दवाइयां और जरूरी दस्तावेज, आईडी आदि एक बैग में रखें। मोबाइल फोन पूरी तरह चार्ज रखें। मॉक ड्रिल का अभ्यास करें। हवाई हमला या बमबारी का अलर्ट हो, तो तुरंत जमीन पर लेट जाए, सिर को ढकें और दीवार या मजबूत चीज के पीछे शरण लें। डीटीसी पूर्वी सक्सेना के नेतृत्व में स्काउट गाइड ने माक ड्रिल का अभ्यास किया। उन्होंने कहा कि अपनी और देश की सुरक्षा के लिए माक ड्रिल का अभ्यास जरूरी है। इस मौके पर निखिल चौहान, शशि लता, जूली, स्नेहलता प्रभा शाक्य, पंकज कुमार, अंकुर, मनोज, सुमित आदि मौजूद रहे।