बरेली। डायनामिक एजुकेशनल रिसर्च सोसाइटी द्वारा रोटरी भवन में एक राष्ट्रीय स्तर की संगोष्ठी इम्पावरिंग इंडिया 2047 फॉर सस्टेनेबल एंड इक्विटेबल फ्यूचर का आयोजन किया गया। संगोष्ठी की अध्यक्षता देश के जाने-माने शिक्षाविद प्रोफेसर एस के भटनागर द्वारा की गई। इस संगोष्ठी में राष्ट्रीय एवं अंतर्राष्ट्रीय स्तर के कुल 121 शोध पत्र को भौतिक एवम वर्चुअल रूप में उपस्थित होकर शोधार्थियों ने पढ़ा। संगोष्ठी में भारत को 2047 तक किस प्रकार विश्व में शिक्षा एवं अन्य क्षेत्रों में विश्व का अग्रणी देश स्थापित किया जाए इसकी गहनता से चर्चा की गई। उत्तराखंड से आए शिक्षाविद डॉ एस के त्रिपाठी ने विकसित भारत में हम सबको अपने अपने क्षेत्र में किस प्रकार योगदान देना चाहिए इस पर प्रकाश डाला। पीलीभीत में स्थित सरकारी संगठन महाविद्यालय की प्रचार्य डॉक्टर अनंत प्रकाश ने विकसित भारत के लिए आने वाली चुनौतियों की चर्चा की। इसकी अतिरिक्त दीपमाला जो शिक्षा विभाग में कार्यत है, उन्होंने 2047 में शिक्षा क्षेत्र की, उद्देश्य की चर्चा की। संगोष्ठी का आयोजन सोसाइटी के निर्देशक प्रोफेसर संजय पाल ने किया, उन्होंने शोध के क्षेत्र में नैतिकता एवं नवीन शोध के विभिन्न आयामो के विषय में बताया। संगोष्ठी में मंच का संचालन दीपिका गुप्ता ने किया, साथ ही, शंकर पाल, ओमेंद्र पाल सिंह, डॉ. सुजीत मोहपात्रा, डॉ. पूनम रानी एवं रामपाल ने संगोष्ठी को सफल बनाने में अपना महत्वपूर्ण योगदान दिया।