बेटियों को भी मिले बेटों की तरह समान अधिकार: अपर जिला जज

WhatsApp Image 2025-01-30 at 17.06.47
WhatsAppImage2026-02-15at42216PM1
previous arrow
next arrow

बदायूँ। उ०प्र० राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण, लखनऊ के निर्देशानुक्रम में मा0 जनपद न्यायाधीश/अध्या जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, बदायूं के निर्देशानुपालन में गुरुवार को जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, बदायूँ द्वारा विधिक साक्षरता / जागरूकता शिविर का आयोजन कस्तूरबा गांधी आवासीय विद्यालय शेखपुर, बदायू में किया गया है। शिविर का शुभारम्भ अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश / सचिव, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, बदायूं शिव कुमारी की अध्यक्षता में माँ सरस्वती की प्रतिमा पर मार्ल्यापण एवं दीप प्रज्जवलित कर किया गया। कार्यक्रम के प्रारम्भ में अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश / सचिव, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, बदायूं द्वारा अपने वक्तव्य में कार्यक्रम में उपस्थित छात्राओं को जागरूक करते हुए बताया कि छात्र-छात्राओं को शिक्षित होना चाहिये व अपने कर्तव्यों के प्रति जागरूक होना चाहिये। इसके अतिरिका गुड टच व बैड टच के बारे में भी बालिकाओं को जागरूक किया। उन्होंने कहा कि लडकियां एक घर को ही नहीं अपितु दो-दो घरों को रोशन करती है तथा उन्हें अच्छी शिक्षा ग्रहण करनी चाहिये साथ ही लड़कों को भी अच्छी सोच और पढाई पर अधिक ध्यान देना चाहिए। उन्होंने बताया कि जिला विधिक सेवा प्राधिकरण में स्थापित लीगल एड क्लीनिक में अपनी समस्याओं के निराकरण निराकरण हेतु निःशुल्क विधिक सहायता के सन्दर्भ में आवेदन कर सकते है एवं पोक्सो एक्ट नये तीन कानून, डी.बी. एक्ट आदि के बारे में विस्तार पूर्वक जानकारी दी गयी साथ ही मारपीट करना ही घरेलु हिंसा नहीं होती है आर्थिक तरीके से भी प्रताडित करना भी घरेलु हिंसा होती है। इनके बारे में भी विस्तार पूर्वक बताया गया। सीडब्लूसी व ट्रेफिक नियमों के बारे में छात्राओं को जागरूक किया, इसके अतिरिक्त उनके द्वारा स्त्री-पुरुष सामानता सम्बन्धित प्रावधानों एवं महिलाओं की सुरक्षा एवं कल्याण सम्बन्धित विधिक प्रावधानों को विस्तृत रूप में बताया गया। इसी कम में उनके द्वारा बताया गया कि जिला विधिक सेवा प्राधिकरण मुख्य उद्देश्य आपके छोटे-छोटे विवादों को समझौते के आधार पर निस्तारित कराना है, जिसके लिए न्यायालय परिसर में मध्यस्थता केन्द्र खुला हुआ है। इस मध्यस्थता केन्द्र के सदस्यों/अधियकताओं द्वारा दोनों पक्षों को बैठाकर समझौता कराया जाता है। जनपद में स्थायी लोक अदालत का गठन हुआ है। जहां से जनउपयोगी सेवायें जैसे बिजली-पानी एवं स्वास्थ के सम्बन्ध में सामान्य जन को अनुतोष प्रदान किया जाता है। इसी कम में जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, बदायूं में जो भी जन उपयोगी सेवायें है, उनके सम्बन्ध में कोई विवाद हो तो स्थायी लोक अदालत के माध्यम से निपटारा करा सकते हैं। कार्यक्रम का संवालन महिला कल्याण विभाग से सम्बन्धित वन स्टॉप सेन्टर की मैंनेजर प्रतीक्षा मिश्रा द्वारा किया गया। इसके साथ ही राज्य सरकार / केन्द्र सरकार द्वारा चलायी विभिन्न प्रकार की योजनाओं के बारे में भी विस्तार पूर्वक बताया गया। कार्यक्रम में जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, बदायूं का स्टॉफ एवं पराविधिक स्वयंसेवकगण व कस्तूरबा गांधी आवासीय विद्यालय शेखूपुर, बदायूं का समस्त स्टाफ उपस्थित रहा। उन्होंने बताया कि इसके अतिरिक्त 08 मार्च 2025 को आयोजित होने वाली आगामी राष्ट्रीय लोक अदालत में मुकद्दमा दायर होने से पूर्व प्री-लिटिगेशन स्तर पर सुलह समझौते के आधार पर अपने वादों का निस्तारण करा सकते हैं। इसके उपरान्त शिविर के अध्यक्ष की अनुमति से उक्त शिविर का समापन किया गया।

ReferralCodeLLVR11
previous arrow
next arrow
WhatsAppImage2023-12-28at122820
previous arrow
next arrow
WhatsAppImage2024-06-13at122213
previous arrow
next arrow
WhatsAppImage2024-10-20at41111PM1
previous arrow
next arrow
WhatsAppImage2023-04-17at53854PM4
previous arrow
next arrow
Home
Live TV
VIDEO NEWS
Verified by MonsterInsights