बरेली। बरेली बार एसोसिएशन की नई कार्यकारिणी को 3 जनवरी 2024 को शपथ लेने के बाद एक साल का समय हो गया है, लेकिन अभी तक अधिवक्ता तथा बार हित का कोई भी कार्य नहीं हुआ है । अध्यक्ष व सचिव ने अपने चुनावी घोषणाओं में अनेकों वादे किए थे जिसमें बरेली बार एसोसिएशन को बार काउंसिल से संबंधित करवाना । खाली पड़े चैंबरों को आवंटन करना व नए चैंबरों का निर्माण करवाना । बार की लाइब्रेरी का आधुनिकरण व ई लाइब्रेरी की स्थापना । अधिवक्ता शंकर कुमार सक्सेना ने पिछले माह एक पत्र के माध्यम से समाधान हेतु मांग की थी जिसमें बरेली बार एसोसिएशन को बार काउंसिल ऑफ यूपी से संबंधित करवाने की मांग अधिवक्ता के बीच लंबे समय से है जिस से माडर्न बायलॉज लागू हो सके और बार काउंसिल ऑफ यूपी की तरफ से मिलने वाली तमाम योजनाओं का भी लाभ भी अधिवक्ताओं को मिल सके। जिससे तमाम अधिवक्ता वर्षों से वंचित है शंकर कुमार सक्सेना ने कहा की “मेरे द्वारा एक मांग पत्र अध्यक्ष जी को 23 दिसंबर 24 को दिया गया , अध्यक्ष द्वारा रजिस्ट्री करने को कहा तब मैने उसी दिन रजिस्ट्री की। मेरा मांग पत्र 24 दिसंबर 24 को अध्यक्ष को प्राप्त हो गया है । पत्र प्राप्ति की सूचना आपके द्वारा मुझे फोन पर दी गई थी। अब आप ओर आपकी पूरी कार्यकारिणी से मैं यह उम्मीद करता हूं कि यथा शीघ्र 20 जनवरी 25 तक मांगों का निस्तारण कर दिया जाएगा अन्यथा पूरी कार्यकारिणी के खिलाफ एक सतत आंदोलन शुरू कर दिया। जाएगा।