वित्त मंत्री के रूप में डॉ मनमोहन सिंह के आर्थिक सुधारों ने देश को संकट से उबारा
बदायूँ। परशुराम चौक स्थित कांग्रेस कार्यालय पर डॉ. मनमोहन सिंह की श्रद्धांजलि सभा का आयोजन किया गया। पूर्व के एआईसीसी सदस्य जिला उपाध्यक्ष मुन्ना लाल सागर एवं शहर कांग्रेस कमेटी अध्यक्ष असरार अहमद के सयुक्त नेतृत्व में कांग्रेस के पदाधिकारी और सदस्यों ने डॉ.मनमोहन सिंह के चित्र पर पुष्प अर्पित कर तथा दो मिनट का मौन रखकर उन्हें श्रद्धांजलि दी। श्रद्धांजलि सभा को संबोधित करते हुए कांग्रेस जिला उपाध्यक्ष मुन्ना लाल सागर ने उनके निधन पर गहरा शोक व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि डॉ.मनमोहन सिंह भारतीय राजनीति और अर्थव्यवस्था के क्षेत्र में एक विशाल व्यक्तित्व थे। जिनके योगदान ने भारत को एक नई दिशा दी। 1990 के दशक में वित्त मंत्री के रूप में उनके द्वारा किए गए आर्थिक सुधारों ने देश को संकट से उबारा और वैश्विक बाजारों में भारत की उपस्थिति को मजबूत किया।शहर कांग्रेस अध्यक्ष असरार अहमद ने कहा कि डॉ.सिंह के नेतृत्व में भारत ने न केवल आर्थिक दृष्टि से प्रगति की, बल्कि उनका कार्यकाल सामाजिक प्रगति और वैश्विक पहचान के लिए भी जाना जाता रहेगा। उनके द्वारा किए गए विनियमन, निजीकरण और विदेशी निवेश को बढ़ावा देने वाले कदमों ने भारत की विकास की नींव रखी। प्रधानमंत्री के रूप में कार्यकाल का भी उल्लेख करते हुए जिला उपाध्यक्ष वीरेश तोमर, पीसीसी सदस्य राम रतन पटेल ने कहा कि डॉ.मनमोहन सिंह नेतृत्व में भारत ने कई महत्वपूर्ण आर्थिक संकटों का सामना किया, जिसमें 2008 का वैश्विक वित्तीय संकट प्रमुख था। अपनी दूरदृष्टि से उन्होंने भारत को इस संकट से बचाया और देश की अर्थव्यवस्था को सुदृढ़ किया इस अवसर पर संचालन जिला उपाध्यक्ष सुरेश राठौर ने किया मुख्य रूप से जिला उपाध्यक्ष गौरव सिंह राठौर, इख्लाश हुसैन, मुनेंद्र कन्नौजिया, अकील अहमद, सत्तार, राम बाबू, दिनेश गौड़, श्याम सिंह आदि कांग्रेसजन मौजूद रहे।













































































