जल जीवन मिशन ठेकेदार ने साथी के सहयोग से चरण सिंह की हत्या की,दोनों गिरफ्तार, पर्दाफाश

बदायूँ। कोतवाली दातागंज पुलिस ने अपहरण और हत्याकांड के मामले में आरोपी गोपाल निवासी ग्राम जमना खेडिया थाना अतरौली जनपद अलीगढ को बह्रमपुर चौराहे से समय करीब 7.50 बजे तथा आरोपी. बब्लू निवासी ग्राम जमना खेडिया थाना अतरौली जनपद अलीगढ को बौरा तिराहे के पास से 11.55 बजे गिरफ्तार किया गया ।17 जून को प्रशान्त कुमार सिंह निवासी ग्राम फतेहपुर लाल उर्फ उदुपुरा थाना धामपुर जिला बिजनौर ने मुकदमा दर्ज कराया। पुलिस ने गोपाल निवासी ग्राम जमना खेडिया थाना अतरौली जनपद अलीगढ तथा बब्लू निवासी ग्राम जमना खेडिया थाना अतरौली जनपद अलीगढ को नामजद किया था। पुलिस को अभियुक्त गोपाल ने बताया गया कि वह जल जीवन मिशन के अन्तर्गत संचालित योजना के तहत ग्राम पडेली बझेडा व ग्राम बराही थाना क्षेत्र दातागंज मे पानी की टंकी के पाईप लाईन डालने का काम करता हूँ। लगभग एक वर्ष पूर्व मैने चरन सिंह निवासी ग्राम फतेहपुर लाल उर्फ उद्दुपुरा थाना धामपुर जिला बिजनौर के गाँव मे जल जीवन मिशन योजना के अन्तर्गत पानी के टंकी के पाईप लाइन डालने का काम किया था । तब से मेरी जान पहचान चरन सिंह उपरोक्त से हो गयी थी । वर्तमान मे जल जीवन मिशन मे पाईप डालने का काम पडेली बझेडा व बराही मे चल रहा है । इस काम मे चरन सिंह का ट्रैक्टर-ट्रॉली व कम्प्रेशर मशीन 1,500/- रुपये प्रतिदिन के हिसाब से चलती है । जिसको देखने व चैक करने के लिए चरन सिंह मेरे पास आता-जाता रहता था । 07 जून को चरन सिंह मेरे पास बराही आया था । हम लोग शाम के समय खाना खाने पडेली बझेडा स्कूल पर गये थे । मेरा साथी बब्लू निवासी जमना खेडिया थाना अतरौली जनपद अलीगढ साथ मे गया था। हम तीनो लोगो ने प्राइमरी स्कूल पडेली बझेडा पर बैठकर शराब पी थी। मेरे साथी बब्लू ने खाना बनाया था। हम लोगो को खाना खाते पीते लगभग डेढ बज गया था । चरन सिंह शराब के साथ सुलफा भी फूँक रहा था । वह मुझे और बब्लू को माँ बहन की गाली देने लगा जिससे हमारी बहस शुरु हो गयी थी। चरन सिंह लगातार गालियाँ दे रहा था । हमे भी काफी नशा था जब गालियां बर्दाश्त नहीं हुई, तब मैने और बब्लू ने गुस्से मे आकर चरन सिंह को धक्का दे दिया चरण सिंह नीचे गिर गया और बेहोश हो गया था । तब मैने व बब्लू ने चरण सिंह को उठाने का काफी प्रयास किया उसके मुँह पर पानी के छींटे भी मारे थे परन्तु वह नहीं उठा । हमें लगा कि वह मर गया है और हम लोग फंस जायेगे । तब हम दोनो ने हिम्मत करके स्कूल मे पडे प्लास्टिक के कट्टे मे चरन सिंह के शव को बांध दिया था। फिर हमने ट्रैक्टर-ट्रॉली मे लाश के कट्टे को ट्रॉली मे रखे पाईपो के नीचे रखकर पडेली बझेडा स्कूल से सुबह को अलीगढ में दादो के पास एक छोटी नहर के पास लेकर पुहँचे थे । नहर की पटरी सुनसान थी हम अलीगढ के निवासी है इस स्थान को हम पहले से जानते थे जब नहर पर ट्रैक्टर-ट्रॉली से चरण सिंह को निकाल रहे थे हमे ऐसा लगा कि चरन सिंह ने हरकत की है और वह जिन्दा है और घबराकर हमने चरन सिंह की लाश को प्लास्टिक के कट्टे सहित दादों नहर मे 10-15 मिनट डूबाकर रखा फिर उसकी लाश पानी मे नीचे चली गयी और हमने चरण सिंह का मोबाइल भी उसी नहर मे फेंक दिया था । फिर हम दोनों ट्रैक्टर-ट्रॉली लेकर अपने गाँव जमना खेडिया थाना अतरोली जनपद अलीगढ चले गये थे । उसके अगले दिन वापस पडेली बझेडा साईट पर काम पर आ गये थे ।