बदायूं। उत्तर प्रदेश विधान परिषद के सदस्य एवं जनसेवा के प्रति समर्पित वागीश पाठक को विधान परिषद की तीन महत्वपूर्ण समितियों का सदस्य नामित किया गया है। उन्हें नियम पुनरीक्षण समिति, प्रश्न एवं संदर्भ समिति तथा खाद्य पदार्थों में मिलावट एवं नकली दवाओं के प्रचलन से जनजीवन की स्वास्थ्य समस्याओं की रोकथाम संबंधी समिति में सदस्य की जिम्मेदारी सौंपी गई है। इस महत्वपूर्ण दायित्व के लिए वागीश पाठक ने उत्तर प्रदेश विधान परिषद के सभापति कुंवर मानवेंद्र प्रताप सिंह तथा उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री एवं विधान परिषद में नेता सदन केशव प्रसाद मौर्य के प्रति आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि विधान परिषद की महत्वपूर्ण समितियों में सदस्य के रूप में कार्य करने का अवसर उनके लिए गौरव का विषय है। वागीश पाठक ने कहा कि यह जिम्मेदारी केवल एक पद नहीं, बल्कि जनसेवा के संकल्प को और अधिक मजबूती प्रदान करने वाला अवसर है। वह पूरी निष्ठा, ईमानदारी और प्रतिबद्धता के साथ समितियों के माध्यम से जनहित से जुड़े विषयों पर प्रभावी कार्य करने का प्रयास करेंगे।उन्होंने कहा कि खाद्य पदार्थों में मिलावट और नकली दवाओं का प्रचलन जनस्वास्थ्य से जुड़ी गंभीर समस्या है। इसकी रोकथाम के लिए प्रभावी कदम उठाना आवश्यक है। वहीं प्रश्न एवं संदर्भ समिति तथा नियम पुनरीक्षण समिति के माध्यम से शासन व्यवस्था को अधिक प्रभावी, पारदर्शी और जनोन्मुखी बनाने की दिशा में भी सार्थक योगदान देने का प्रयास किया जाएगा। उन्होंने कहा कि जनता की समस्याओं, अपेक्षाओं और सुझावों को प्राथमिकता देते हुए स्वास्थ्य, सुशासन, पारदर्शिता और जनकल्याण से जुड़े विषयों पर अपनी जिम्मेदारी का पूरी निष्ठा के साथ निर्वहन करेंगे।वागीश पाठक ने कहा कि नेतृत्व द्वारा उन पर जताया गया विश्वास उनके लिए प्रेरणास्रोत है। वह जनसेवा और जनहित के कार्यों के माध्यम से इस विश्वास को सार्थक सिद्ध करने के लिए निरंतर प्रयासरत रहेंगे।