बरेली। उत्तर प्रदेश कांग्रेस कमेटी के पूर्व सचिव एवं कोऑर्डिनेटर चौधरी असलम मियां बजट सरकार आलोचना करते हुए कहा कि केंद्र सरकार द्वारा पेश किया गया बजट एक बार फिर यह साबित करता है कि यह सरकार जनता की नहीं, बल्कि चुनिंदा पूंजीपतियों की सरकार है। महंगाई, बेरोज़गारी, किसानों की बदहाली और मध्यम वर्ग की टूटती कमर पर यह बजट मरहम नहीं, बल्कि नमक छिड़कने जैसा है। इस बजट में न तो युवाओं के लिए ठोस रोज़गार की योजना है, न ही किसानों की आय दोगुनी करने की कोई स्पष्ट नीति। शिक्षा और स्वास्थ्य जैसे बुनियादी क्षेत्रों को लगातार नज़रअंदाज़ किया जा रहा है, जबकि आम आदमी टैक्स और महंगाई के बोझ तले दबता जा रहा है। महिला सशक्तिकरण और गरीब कल्याण के नाम पर केवल घोषणाएं और आंकड़ों की बाज़ीगरी की गई है, ज़मीनी हकीकत इससे कोसों दूर है। पेट्रोल-डीज़ल, गैस और रोज़मर्रा की ज़रूरतों पर कोई राहत न देकर सरकार ने यह साफ कर दिया है कि उसे आम जनता की परेशानियों से कोई सरोकार नहीं। यह बजट निराशाजनक, दिशाहीन और जनविरोधी है, जिसे देश की जागरूक जनता स्वीकार नहीं करेगी। भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस आम जनता की आवाज़ बनकर इस बजट का पुरज़ोर विरोध करती है और सड़क से संसद तक संघर्ष जारी रखेगी।