नगला मन्दिर में हुई सभा में 18 जनवरी को निकलने वाली सनातन हिन्दू पदयात्रा के समर्थन की घोषणा
बदायूँ। 18 जनवरी को बिरुआबाड़ी मन्दिर से कछला तक सनातन हिन्दू एकता पद यात्रा निकाली जाएगी। इसी संदर्भ में यात्रा प्रमुख भागवत प्रवक्ता आचार्य पं. श्री मुमुक्षु कृष्ण दद्दा जी महाराज ने नगला मन्दिर के सभागार में एक सभा को सम्बोधित करते हुए कहा कि भारत की धरती पर हिन्दू माता के गर्भ से जिसने भी जन्म लिया है वो चाहे जिस समाज का हो पहले सनतनी है आज हिन्दुओं को अलग करने उनको जातिवाद में बाँटकर विद्रोह फैलाने का काम वही कर रहे हैं जिन्हें निजी राजनैतिक लाभ की लालसा है। ऐसे लोगों का कोई ईमान नहीं होता। उदाहरण के तौर पर आप देखिए – अभी कुछ दिनों पहले बिहार के मुख्यमंत्री ने सामान्य भाव में एक मुस्लिम महिला का हिजाब हटा दिया तो तमाशा बन गया तमाम राजनैतिक पार्टियों ने विरोध किया और समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष ने भी बयान दिए। इसके साथ-साथ समाजवादी पार्टी के कार्यकर्ताओं ने इस कृत्य के बिरोध में नारे लगाये रैली निकाली और इसके कुछ समय पहले ही एक मुस्लिम ने समाजवादी पार्टी के मुखिया की धर्मपत्नी डिम्पल यादव पर अभद्र टिप्पणी की इस पर इनकी कोई प्रतिक्रिया देखने को नहीं मिली यहाँ सत्ता का लोभ स्पष्ट रुप दिखाई दे रहा था।
वहीं पुन: एक आई. ए. एस. संतोष वर्मा ने जब ब्राह्मण बेटियों को अशोभनीय शब्दों का प्रयोग किया तब भी समाजवादी पार्टी के मुखिया समेत कुछ अन्य पार्टी के लोगों ने भी उसका खूब समर्थन किया । महाराज जी ने कहा ऐसे लोग केवल ब्राह्मण बहन-बेटियों के ही नहीं अपितु सर्व समाज की बहिन-बेटियों के दुश्मन हैं सत्ता के लोलुप और उच्च आकांक्षाओं ने इन्हें नीति से हटाकर अधर्म में प्रवृत्त कर दिया है। उन्होंने कहा ऐसे लोगों के सत्ता तन्त्र में कभी बहिन-बेटियाँ सुरक्षित नहीं हो सकतीं ।
हिन्दू राष्ट्र और राम राज्य की कल्पना नहीं अपितु ये होना ही सर्व समाज के लिए हितकारी होगा।
इसमें सभी जातिगत भेदभाव को भुलाकर आपसी प्रेमभाव से रहेंगे। सभी शिक्षित होंगे, ऊँच-नीच, छोटा बड़ा न रहकर सभी में मानवता का संचार होगा।
सब नर करहिं परस्पर प्रीति।
और सभी धर्मानुकूल सुन्दर नीति के अनुसार चलेंगे।
चलहिं स्वधर्म निरति श्रुति नीति।।
और ऐसा होगा तभी भारत विश्व गुरु होगा।
उन्होंने कहा-
हिन्दू राष्ट्र बनाना है।
राम राज्य अब लाना है।।
उन्होंने हिन्दू राष्ट्र की माँग करते हुए कहा कि-
1. हिजाब को पूर्णतया प्रतिबन्धित किया जाना चाहिए।
- हिन्दू बस्तियों से कब्रिस्तान हटना चाहिए।
- जिन हिन्दू बस्तियों में मुस्लिम आबादी नहीं है उन बस्तियों से मुस्लिम धार्मिक स्थल हटाये जाने चाहिए ।
- मुस्लिमों के हर धार्मिक स्थलों में सी.सी.टी वी. कैमरे लगाये जाने चाहिए जिनका कन्ट्रोल नजदीक पुलिस थाने के पास होना चाहिए जिससे हर आतंकी गतिविधि पर नजर रखी जा सके । क्योंकि हमें अब इस समुदाय पर बिल्कुल भरोसा नहीं है।
इस अवसर पर अनेकों लोग उपस्थित रहे जिनमें प्रमुख रुप से
आचार्य गुरुचरण मिश्रः, रामौतार मिश्रः विश्वनाथ शर्मा, घनेंद्र उपाध्याय, वेद प्रकाश शर्मा,
डा. शैलेन्द्र कुमार सिंह, डा. शैलेश पाठक जी,सुनील सपड़ा (कैलाशी),
अजय कुमार मिश्रा,गिरीश चन्द्र पाराशरी,मुन्नालाल (फौजी),
इंंजी. अनिल शर्मा,अमन रस्तोगी , शशांक रायजादा, दिनेश चन्द्र मिश्रः, राजेश शर्मा, अवधेश श्रोत्रिय,
कन्हैया लाल गुप्ता, अरविंद शर्मा,
आमोद मिश्रा,
कामेश दत्त पाठक,
डा. उमा सिंह गौर, अमिता उपाध्याय, रचना शंखधार,
गायत्री मिश्रा, सुमित शंभू, रजनी मिश्रः, पूनम सिहं, करुणा सोलंकी, नवल किशोर शर्मा, प्रिंसदेव शर्मा, मुकेश पटवा, विनोद सूर्यवंशी, ऊषा रस्तोगी, गायत्री मिश्रा आदि सभी ने पूज्य महाराज जी की इस यात्रा का पुरजोर समर्थन किया और यात्रा में तन, मन, धन से उपस्थित रहने का आश्वासन भी दिया।













































































