कोटरा बाबा धाम पर तुलसी पूजन दिवस बड़े धूमधाम से मनाया

वजीरगंज। कोटरा बाबा धाम पर तुलसी पूजन दिवस बड़े धूमधाम से मनाया गया। बरेली से आए गुरुजी श्री ब्रह्मस्वरूप जी महाराज ने ग्रामीणों को सामूहिक तुलसी पूजन कराया। वहीं बृन्दावन से आये आचार्य शिवाओम मिश्रा एवं शशिकांत शास्त्री जी ने ग्रामीणों को तुलसी जी के महत्व के बारे में बताया।
जहां एक ओर पूरे देश में पाश्चात्य सभ्यता का त्योहार क्रिसमस डे मनाया जा रहा है, वहीं सनातन संस्कृति को संरक्षित करने के उद्देश्य से कोटरा बाबा धाम पर पंचम भव्य तुलसी पूजन का आयोजन किया गया।
सुबह से ही क्षेत्रवासियों में तुलसी पूजन के लिए उत्साह था, बरेली और वृंदावन से आए आचार्यों ने तुलसी पूजन संपन्न कराने के बाद सभी ग्रामीणों के साथ तुलसी जी की भव्य आरती की।

बाद में कोटरा मंदिर के पुजारी अरूण मिश्रा जी ने कहा कि तुलसी केवल एक पौधा नहीं है बल्कि तुलसी संपूर्ण धरा के लिए वरदान है। अत्यंत उपयोगी औषधि है। मात्र इतना ही नहीं यह तो मानव जीवन के लिए अमृत है। शारीरिक लाभ के साथ ही तुलसी का धार्मिक, आध्यात्मिक, पर्यावरणीय एवं वैज्ञानिक दृष्टि से भी विशेष महत्व है। वैसे तो तुलसी जी पांच प्रकार की होती है, लेकिन अपने क्षेत्र में प्राया रामा और श्यामा तुलसी जी अधिक मात्रा में पाई जाती हैं। तुलसी जी के पत्तों का सेवन करने से सैकड़ों रोगों का शमन होता है।

वही बरेली से आए गुरु जी श्री ब्रह्मस्वरूप महाराज जी ने कहा कि वैसे तो तुलसी जी का पूजन हर सनातनी प्रत्येक दिन करता है लेकिन 25 दिसंबर को तुलसी जी का विशेष पूजन किया जाता है और इसी दिन उनकी महिमा का बखान भी किया जाता है। हमारे ऋषि-मुनियों को लाखो वर्ष पूर्व ही तुलसी जी के औषधीय गुणों का ज्ञान था इसीलिए इसको दैनिक जीवन में प्रयोग हेतु इतनी प्रमुखता से स्थान दिया गया है आयुर्वेद में भी तुलसी जी के फायदों का विस्तृत उल्लेख मिलता है, हम सभी सनातनीयों को अपने-अपने घर पर एक तुलसी जी का पौधा जरूर लगाना चाहिए और उसकी नियमित पूजा भी करनी चाहिए, क्योंकि वेद पुराणों में कहा गया है तुलसी जी की पूजन करने से हमारे सभी पापों का नाश होता है और हमें सुख एवं समृद्धि प्राप्त होती है।
मुख्य आयोजक पं. देवेश शंखधार ने कहा कि हमें ऐसे धार्मिक आयोजनों में अपने पूरे परिवार के साथ सम्मिलित होना चाहिए, जिससे हमारे बच्चों में अच्छे संस्कारों की नींव पड़ सके। वही ग्राम पस्तोर की पूर्व प्रधान पति भूपराम शर्मा ने सभी का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि हमें ऐसे धार्मिक आयोजनों में बढ़-चढ़कर भागीदारी करनी चाहिए।
इस अवसर पर अर्जुन चौहान, संतोष भारद्वाज, राजेश सिंह, लोकेश भारद्वाज, प्रदीप चौहान, प्रदीप शंखधार, सत्येंद्र मौर्य, हरभगवान मिश्रा, पूर्व प्रधान मनोरमा शर्मा आदि सैकड़ों श्रद्धालुगण उपस्थित रहे।
