बरेली। सिविल लाइन स्थित दरगाह नासिर मियाँ रहमतुल्लाह अलेह पर नबीरा ए हज़रत नासिर मियाँ के सज्जादानशीन हज़रत ख़्वाजा सुल्तान अहमद नासरी के भाई हज़रत ख़्वाजा कामरान अहमद रहमतुल्लाह अलेह के कुल शरीफ़ की नज़्र पेश की गई,इस मौके बाद नमाज़े असर दरगाह ख़ादिम सूफी शाने अली कमाल मियाँ नासरी साबरी ने बुज़ुर्ग शख्सियत पर रौशनी डाली,सूफी वसीम मियाँ नासरी साबरी ने गुलपोशी की रस्म अदायगी की,उलेमा ने नातो मनकबत के ज़रिये सूफियाना ज़िन्दगी को बयां किया। खुसूसी दुआ में मुल्क व आवाम की सलामती,खुशहाली, तरक़्क़ी,कामयाबी के साथ बीमारो को शिफ़ा, बेरोज़गारो को रोज़गार अमन चैन भाईचारे के लिये दुआ की। फ़ातेहख्वानी की रस्म मस्जिद नोमहला शरीफ के इमाम अब्दुल बाक़ी मरकज़ी ने की,ज़ेरे सरपरस्ती सज्जादानशीन हज़रत ख्वाजा सुल्तान अहमद नासरी व ज़ेरे निगरानी हज़रत ख़्वाजा सलमान अहमद नासरी, ख़्वाजा शय्यान अहमद नासरी आदि ने की,सलातो सलाम का नज़राना पेश किया गया।मग़रिब के वक़्त सामुहिक रोज़ा इफ़्तार का आयोजन किया गया जिसमें बड़ी तादाद में रोज़ेदारों ने एक साथ दस्तरख्वान पर रोज़ा इफ्तार किया।इस मौके पर बरेली हज सेवा समिति के पम्मी खां वारसी,मौलाना हसन रज़ा,मौलाना तौहीद रज़ा, सलीम साबरी,शाजिद रज़ा नूरी,दिलशाद साबरी कल्लन मियाँ,शाहिद मियाँ साबरी नासरी,मो साकिब रज़ा आदि बड़ी संख्या में अकीदतमंद शामिल रहे।