समाजसेवी संतदेव चौहान ने अपने खर्चे से भिजवाया निशा के पिता का शव, पेश की दुःख की घड़ी में इंसानियत की मिसाल

WhatsApp-Image-2023-06-29-at-4.08.50-PM
WhatsAppImage2026-02-15at42216PM1
previous arrow
next arrow

दिल्ली। हर व्यक्ति के जीवन में सुख व दुःख के पल आते ही रहते हैं, सुख तो अक्सर व्यक्ति के पास मेला लगा रहता है लेकिन आज के व्यवसायिक दौर में दुःख में व्यक्ति अक्सर अकेला खड़ा रह जाता है, ऐसे विकट समय में समाजसेवी संतदेव चौहान उम्मीद की किरण बनकर लोगों की मदद की पहल करते हैं। आज को सुबह कुमारी निशा ने जब अपने पिता महेश प्रसाद के देहांत की दुखद खबर समाजसेवी संतदेव चौहान को देते हुए अनुरोध किया कि उनके पिता के शव को उनके घर तक भेजवाने में वह उनकी मदद करें। तो संतदेव चौहान ने ईद का अवकाश होने के बाद भी तत्काल अस्पताल जाकर उनके पिता का शव गाजियाबाद एंबुलेंस के द्वारा अपने खर्चे से भेजवाने का बंदोबस्त करवाते हुए और शोक संतप्त परिवार को ढांढस बंधाया। पिछले हफ्ते महेश प्रसाद की तबियत खराब हुई और इनके रिश्तेदार संतराज चौहान ने समाजसेवी संतदेव चौहान के सहयोग से उन्हें एम्स में भर्ती करवाया था। यहां आपको बता दें कि संतराज गांव एमिलिया जिला आजमगढ़ उत्तर प्रदेश के रहने वाले हैं जो कि गाजियाबाद में LIC का काम करते है और महेश प्रसाद के रिश्तेदार हैं। संतदेव चौहान एम्स में कार्यरत हैं और एक प्रतिष्ठित समाजसेवी हैं। संतदेव अब तक सैकड़ों शव, जिनकी एम्स में इलाज के दौरान मृत्यु हो जाती है उन्हें अपने खर्चे से उनके घर भेजवाने का पुण्य काम करते रहे हैं जिनमें से अधिकतर लोग पूर्वांचल के रहने वाले होते हैं क्योंकि संतदेव चौहान भी बहादुरपुर पोस्ट दोहरीघाट जिला मऊ उत्तर प्रदेश के मूल निवासी हैं।

ReferralCodeLLVR11
previous arrow
next arrow
WhatsAppImage2023-12-28at122820
previous arrow
next arrow
WhatsAppImage2024-06-13at122213
previous arrow
next arrow

(दीपक कुमार त्यागी / हस्तक्षेप
स्वतंत्र पत्रकार )

WhatsAppImage2024-10-20at41111PM1
previous arrow
next arrow
WhatsAppImage2023-04-17at53854PM4
previous arrow
next arrow
Home
Live TV
VIDEO NEWS
Verified by MonsterInsights