बदायूँ में 15 जून तक भीषण गर्मी का कहर जारी, 47 डिग्री तक पहुंचेगा पारा; 12 से 15 जून के बीच आंधी-बारिश
बदायूँ। जून माह की शुरुआत के साथ ही बदायूँ जनपद भीषण गर्मी और लू की चपेट में आ गया है। मौसम विभाग तथा विभिन्न मौसम पूर्वानुमान एजेंसियों के ताजा आंकड़ों के अनुसार 15 जून तक जिले में अत्यधिक गर्मी का प्रकोप बना रहेगा। इस दौरान अधिकतम तापमान 43 डिग्री सेल्सियस से लेकर 47 डिग्री सेल्सियस तक पहुंचने का अनुमान है। लगातार चल रही गर्म हवाओं और तेज धूप के कारण आम जनजीवन प्रभावित होने लगा है। दोपहर के समय सड़कें सुनसान दिखाई दे रही हैं और लोगों को घरों में रहने की सलाह दी जा रही है।मौसम विशेषज्ञों के अनुसार 7 जून से 10 जून तक का समय सबसे अधिक चुनौतीपूर्ण रहने वाला है। इन दिनों आसमान मुख्य रूप से साफ रहेगा और सूर्य की तीखी किरणें सीधे धरती पर पड़ेंगी। इसके चलते तापमान लगातार ऊंचे स्तर पर बना रहेगा। दिन के समय गर्म हवाएं यानी लू चलने की संभावना है, जिससे हीट स्ट्रोक और डिहाइड्रेशन का खतरा बढ़ सकता है। दोपहर 11 बजे से शाम 5 बजे तक बाहर निकलना स्वास्थ्य के लिए जोखिमपूर्ण हो सकता है।विशेषज्ञों का कहना है कि 8, 9 और 10 जून को जिले के कुछ इलाकों में तापमान 46 से 47 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच सकता है। यह अवधि पूरे सप्ताह की सबसे गर्म अवधि मानी जा रही है। तेज धूप के साथ गर्म हवाओं का असर खेतों में काम करने वाले किसानों, दिहाड़ी मजदूरों तथा खुले में कार्य करने वाले लोगों पर सबसे अधिक पड़ेगा। स्वास्थ्य विभाग ने भी लोगों को पर्याप्त मात्रा में पानी पीने, सिर को ढककर रखने और अनावश्यक रूप से धूप में बाहर न निकलने की सलाह दी है।11 जून से मौसम के मिजाज में हल्का बदलाव देखने को मिल सकता है। हालांकि गर्मी का प्रभाव बरकरार रहेगा और अधिकतम तापमान 42 से 45 डिग्री सेल्सियस के बीच बना रहेगा, लेकिन वातावरण में नमी बढ़ने और बादलों की आवाजाही शुरू होने के संकेत मिल रहे हैं। इससे लोगों को गर्मी से बहुत अधिक राहत तो नहीं मिलेगी, लेकिन मौसम में बदलाव का अहसास जरूर होगा।
मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार 12 और 13 जून को बदायूँ तथा आसपास के क्षेत्रों में धूलभरी आंधी, तेज हवाओं और गरज-चमक के साथ हल्की बारिश की संभावना बन रही है। हालांकि यह बारिश व्यापक नहीं होगी और कुछ क्षेत्रों तक सीमित रह सकती है, लेकिन इससे तापमान में अस्थायी गिरावट देखने को मिल सकती है। कई स्थानों पर तेज हवा के झोंके चल सकते हैं, जिससे बिजली आपूर्ति और यातायात भी प्रभावित हो सकता है।13 जून की शाम से लेकर 14 जून तक मौसम में अपेक्षाकृत अधिक बदलाव देखने को मिल सकता है। बादलों की सक्रियता बढ़ने के साथ कुछ स्थानों पर बूंदाबांदी या हल्की वर्षा होने की संभावना जताई जा रही है। यदि यह प्रणाली अपेक्षित रूप से सक्रिय रही तो तापमान में उल्लेखनीय गिरावट दर्ज हो सकती है। अनुमान है कि 14 जून को अधिकतम तापमान घटकर 36 से 39 डिग्री सेल्सियस के बीच पहुंच सकता है, जो पिछले दिनों की तुलना में काफी राहत देने वाला रहेगा।
15 जून को भी कुछ क्षेत्रों में बादल छाए रहने, तेज हवाएं चलने तथा हल्की बारिश या गरज-चमक की संभावना बनी हुई है। मौसम वैज्ञानिकों का मानना है कि यदि पश्चिमी विक्षोभ और स्थानीय मौसमी गतिविधियां मजबूत रहीं तो 15 जून के बाद गर्मी का प्रकोप धीरे-धीरे कम होने लगेगा। हालांकि मानसून के आगमन में अभी समय है, लेकिन प्री-मानसून गतिविधियों के कारण मौसम में राहत के संकेत दिखाई दे रहे हैं।कृषि विशेषज्ञों ने किसानों को सलाह दी है कि अत्यधिक गर्मी को देखते हुए सिंचाई कार्य सुबह या शाम के समय करें। पशुपालकों को भी पशुओं के लिए पर्याप्त पानी और छायादार स्थान की व्यवस्था करनी चाहिए। वहीं स्वास्थ्य विभाग ने बच्चों, बुजुर्गों और गंभीर बीमारियों से ग्रसित लोगों को विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी है।
कुल मिलाकर बदायूँ में 10 जून तक भीषण गर्मी और लू का सबसे अधिक असर देखने को मिलेगा। 12 से 15 जून के बीच आंधी, बादल और हल्की बारिश की गतिविधियां बढ़ सकती हैं, जिससे तापमान में कुछ गिरावट आएगी। मौसम विशेषज्ञों का मानना है कि वास्तविक और स्थायी राहत 15 जून के बाद ही मिलने की संभावना है। तब तक जनपदवासियों को तेज गर्मी और लू से बचाव के लिए सतर्क रहने की आवश्यकता होगी।















































































