बदायूँ कांट्रेक्टर्स वेलफेयर एसोसिएशन ने डाक्टरेट पीएचडी की मानद उपाधि मिलने पर पत्रकार शरद शंखधार को सम्मानित किया
बदायूँ। आज बदायूं कांट्रेक्टर्स वेलफेयर एसोसिएशन ने sks24news network के प्रधान संपादक शरद शंखधार का शॉल ओढ़ाकर,मोतियों की माला पहना कर और प्रतीक चिन्ह भेंट कर अभिनन्दन किया। उन्हें हिंदी पत्रकारिता की 38 वर्षों तक निरन्तर सेवा करने पर अमेरिका की एक यूनिवर्सिटी द्वारा डाक्टरेट पीएचडी की मानद उपाधि मिलने पर उनका बदायूँ कांट्रेक्टर्स वेलफेयर एसोसिएशन के संरक्षक कमलकांत शर्मा के आवास पर भव्य समारोह में यह भव्य अभिनन्दन किया गया। बदायूँ कांट्रेक्टर्स वेलफेयर एसोसिएशन के संरक्षक कमलकांत शर्मा ने कहा वरिष्ठ पत्रकार शरद शंखधार ने जिले का नाम रोशन किया है,हम सभी को इन पर नाज है। उन्होंने कहा कि हम सभी इनकी सादगी,निष्पक्षता,निर्भीकता का सम्मान करते है। लोकनिर्माण विभाग ठेकेदार एसोसिएशन के अध्यक्ष अमित पांडेय ने कहा वरिष्ठ पत्रकार शरद शंखधार को 38 वर्षों तक हिंदी पत्रकारिता की सेवा करना और वर्तमान में भी सक्रिय रहने पर अमेरिका की यूनिवर्सिटी ने डाक्टरेट पीएचडी की मानद उपाधि देकर हम सभी का भी मान सम्मान बढ़ाया है। कहा सम्पूर्ण जिले को भी बहुत खुशी है। अधिवक्ता मोहित पांडेय ने कहा वरिष्ठ पत्रकार व साहित्यकार शरद शंखधार ने 38 वर्षों तक सात राज्य और 25 जनपदों में रह कर हिंदी की सेवा की है। हिंदी की 18 राष्ट्रीय व प्रान्तीय स्तर के समाचार पत्र व पत्रिकाओं में विभिन्न पदों पर रहते हुए हिंदी की सेवा की। उनके एक हजार से अधिक हिंदी में लेख, कहानी,फीजर, निबंध,कविता,समालोचना, यात्रा संस्मरण आदि प्रकाशित हो चुके है। निरन्तर हिंदी की सेवा करना और वर्तमान में भी सक्रिय रहना बहुत बड़ी बात है। अन्य वक्ताओं ने कहा अमेरिका की एक यूनिवर्सिटी द्वारा शरद शंखधार को डाक्टरेट पीएचडी की मानद उपाधि देना उनकी ही नही बल्कि पूरे जनपद की बड़ी उपलब्धि व खुशी की बात है।
इस मौके पर बदायूँ कांट्रेक्टर्स वेलफेयर एसोसिएशन के संरक्षक कमलकांत शर्मा,महामंत्री व्रजेंद्र शर्मा,उपाध्यक्ष जगमोहन सिंह, राजकीय ठेकेदार पुष्पांसु शर्मा उर्फ मोना,अमित पांडेय,सार्थक शर्मा,संजीव त्रिवेदी, सचिन राठौर,लवकेश गुप्ता,डिम्पल राठौर,सिंपल राठौर,यश पांडेय समेत बड़ी संख्या में ठेकेदार व अन्य लोग उपस्थित रहे। इस मौके पर sks24 News network के पत्रकार अजय पाठक औऱ शोरभ शंखधार का भी शॉल ओढ़ाकर व मोतियों की माला पहना कर सम्मानित किया गया।













































































