बीपी मंडल सामजिक न्याय के प्रणेता : शिवचरन कश्यप
बरेली। बिन्देश्वरी प्रसाद मंडल, जिन्हें बी. पी. मंडल के नाम से जाना जाता है, भारतीय राजनीति और सामाजिक सुधार के क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण व्यक्तित्व थे। उनका जन्म 25 अगस्त 1918 को बनारस में हुआ था, लेकिन उनका मूल निवास बिहार के मधेपुरा जिले के मुरहो ग्राम के धनी यादव जमींदार परिवार में हुआ था उनकी मृत्यु 13 अप्रैल 1982 को हुई थी।
आज उनकी पुण्यतिथि के मौके पर अखिलेश यादव के निर्देश पर समाजवादी पार्टी के नेताओं व कार्यकर्ताओं के द्वारा प्रदेश भर के पार्टी मुख्यालयों पर कार्यक्रम आयोजित कर उन्हें नमन कर जहाँ उन्हें श्रद्धांजलि दी, वहीं इस मौके पर बरेली सपा कार्यालय पर एक विचार गोष्ठी भी की गई। पार्टी नेताओं ने उनके चित्र पर माल्यार्पण किया तथा पुष्प अर्पित किए एवं प्रमुख वक्ताओं द्वारा उनके जीवन पर प्रकाश डाला गया। इस कड़ी में विचार गोष्ठी की अध्यक्षता करते हुए जिलाध्यक्ष शिवचरन कश्यप ने श्रद्धा सुमन अर्पित करते हुए उन्हें सामाजिक न्याय का प्रणेता बताया, उन्होंने कहा कि बी. पी. मंडल ने अपने जीवन काल में राजनीति में योगदान दिया, बल्कि सामाजिक न्याय के लिए ऐतिहासिक कदम उठाए, विशेष रूप से मंडल आयोग के माध्यम से। पढ़ाई के दौरान जातिगत भेदभाव के खिलाफ उन्होंने स्कूल में ही जंग का बिगुल फूंक दिया था और पिछड़े वर्गो के लिए समानता की माँग की। इस अवसर पर महानगर अध्यक्ष शमीम खाँ सुल्तानी ने बी. पी. मंडल को खिराज़े अक़ीदत पेश करते हुए कहा कि वे बिहार राज्य के सातवें मुख्यमंत्री बने और अपने 30 दिन के बेहद अल्प कार्यकाल में उन्होंने अपने काम और विचारों से अपना प्रभाव जमा लिया और ज़ब उन्हें पिछड़े वर्गो की स्थिति का अध्ययन करने और नीतियाँ सुझाने हेतु एक कमीशन का अध्यक्ष बनाया गया तो उस कमेटी की सिफारिशो में पिछड़े वर्ग को सरकारी नौकरियों और शैक्षणिक संस्थानों में 27% आरक्षण की सिफारिश प्रमुख रूप से शामिल थी इस कमीशन को ही मंडल कमीशन के नाम से जाना गया। मंडल कमीशन की इस सिफारिश ने भारतीय समाज और राजनीति में क्रांतिकारी बदलाव लाये। 1990 में तत्कालीन प्रधानमंत्री बी.पी सिंह ने इस सिफारिश को लागू किया, जिससे ओबीसी समुदाय को मुख्य धारा में लाने और सामाजिक समावेशन को बढ़ावा देने में महत्वपूर्ण भूमिका इस निर्णय ने निभाई। मंडल आयोग की उनकी सिफारिश ने भारत में समावेशी विकास का मार्ग प्रशस्त किया और लाखों लोगों के जीवन को बेहतर बनाया। कार्यक्रम का संचालन महासचिव पंडित दीपक शर्मा ने किया। इस अवसर पर ज़िला उपाध्यक्ष मनोहर पटेल, महानगर उपाध्यक्ष गोविंद सैनी, महानगर उपाध्यक्ष राजेश मौर्या, ज़िला कोषाध्यक्ष अशोक यादव, ज़िला सचिव मनोहर गंगवार, महानगर सचिव शिवम प्रजापति, यूथ ब्रिगेड के महानगर अध्यक्ष सचिन आंनद, बाबा साहब अम्बेडकर वाहिनी के महानगर अध्यक्ष अमित गिहार, मजदूर सभा के महानगर अध्यक्ष अशफ़ाक़ चौधरी, संजीव कश्यप, सम्राट अनुज मौर्या, जावेद मलिक, अमरीश यादव, वरुण गिहार आदि प्रमुख पदाधिकारी मौजूद रहे।













































































