दो सदस्यीय दल ने नगरीय निकायवार ओबीसी राजनीतिक प्रतिनिधित्व का किया परीक्षण

पीलीभीत।। जनपद में पहुंचा उप्र राज्य स्थानीय निकाय समर्पित पिछड़ा वर्ग आयोग। गोमती सभागार में की बैठक और सुनवाई।
उप्र राज्य स्थानीय निकाय समर्पित पिछड़ा वर्ग आयोग के सदस्यगण महेन्द्र कुमार एवं श्री सन्तोष कुमार विश्वकर्मा की अध्यक्षता में गोमती सभागार में अधिकारियों एवं नगरीय निकाय जनप्रतिनिधयों के पदाधिकारी के साथ सम्पन्न हुई। बैठक से पूर्व उन्होंने अधिकारियों, नगरीय निकाय से जुडे जनप्रतिधियों, राजनैतिक दलो से उनका परिचय प्राप्त किया।
आयोग के सदस्य रिटायर्ड आईएएस अधिकारी महेंद्र कुमार ने बताया कि 28 सितंबर को इस आयोग का गठन किया गया, जिसमें चार सदस्य है और न्यायमूर्ति राम अवतार सिंह इसके अध्यक्ष हैं। उन्होंने आयोग के गठन एवं अधिसूचना, ओबीसी आरक्षण की अवधारणा को रेखांकित किया। आयोग उप्र की सभी जिलों में भ्रमण करके नगरीय निकायों में ओबीसी के राजनीतिक प्रतिनिधित्व के संबंध में समस्याए व शिकायत जान रही है। उन्होंने ओबीसी के राजनीतिक प्रतिनिधित्व के लिए मौजूद नगरीय निकाय जनप्रतिनिधियों, आमजन से उनके विचार एवं समस्याएं जानी। प्राप्त शिकायतों एवं समस्याओं का आयोग द्वारा संज्ञान लिया जा रहा है, प्राप्त शिकायतों को दूर किया जाएगा। आयोग नगरीय निकायों में ओबीसी के राजनीतिक प्रतिनिधित्व का खास ध्यान रखेगा।
आयोग के सदस्य संतोष कुमार विश्वकर्मा ने कहा कि यह आरक्षण राजनैतिक है, आर्थिक नहीं। इसका पूरा लाभ फील्डस्तर पर मिल रहा या नहीं। आयोग द्वारा इसका परीक्षण, जांच की जा रही है। आयोग अनुभवजन्य अध्ययन, अभिलेखों एवं दृष्टांटो के आधार पर अपनी अनुशंसा शासन को सौंपेगा।
बैठक में नगरीय निकाय में की जनसंख्या, ओबीसी आरक्षण के संबंध में अपनी समस्याएं एवं सुझाव बताएं। वार्ड नम्बर 26 के सभासद द्वारा जनसंख्या की गलत फीडिंग एवं कलीनगर चेयरमैन पद के आरक्षण की समस्या बताई गई। बैठक के दौरान जिलाधिकारी द्वारा अवगत कराया गया डाटा फीडिंग की कि शिकायत का पूर्व में निस्तारण कराया जा चुका है तथा चेयरमैन पद के आरक्षण शासन स्तर से किया जाता है।
बैठक के दौरान मा0 जिलाध्यक्ष भाजपा, मा0 विधायक बरखेडा, मा0 विधायक पूरनपुर, सपा जिलाध्यक्ष, नगरीय निकाय से जुड़े जनप्रतिनिधि, राजनीतिक दलों एवं जिलाधिकारी श्री प्रवीण कुमार लक्षकार, अपर जिलाधिकारी (वि./रा.), नगर मजिस्टेªट, उप जिलाधिकारी पूरनपुर/सदर, अधिशासी अधिकारी पीलीभीत सहित अन्य अधिकारीगण उपस्थित रहे।
डॉ यासीन खान