मुख्य समाचार पर जाएँ
Wednesday, 4 November 2026
SKS24NEWSNational Hindi Digital News Networkख़बर वही, जो सच बताए!
देश की आवाज़स्थानीय खबरें · राजनीति · शिक्षा · खेल
🌙 21.8 °C साफ · बदायूँ
🥇 सोना ₹1,46,220.00 / 10 ग्राम
🥈 चांदी ₹2,20000/ किलो
सुर्खियाँ
ब्लूमिंगडेल स्कूल में दूसरे दिन दशावतार थीम पर वार्षिकोत्सव की भव्य धूम रही, रंगारंग कार्यक्रमों ने धमाल मचायाऐस (पीजी) इंस्टीट्यूट में धूमधाम से मना ‘रोशनी-2026’ दीपावली महोत्सव, सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने मोहा मनकोठीवाल मंदिर में चौथे दिन हुआ दिव्य सनातन दीप महायज्ञ, सनातन संस्कारों से युवा पीढ़ी को दिशा देने का आह्वानभाजपा की पदयात्रा में जेबकतरों का आतंक, भारी पुलिस बल की मौजूदगी में चार लोगों की जेबें कटींबरेली पुलिस की बड़ी सफलता, 374 गुमशुदा मोबाइल फोन बरामद, 75 लाख रुपये के मोबाइल उनके मालिकों को सौंपेपार्षद सुधा सक्सेना की मौजूदगी में सुलझा मंदिर के गेट का विवाद
Uttar Pradesh

पेट्रोल लेकर कलेक्ट्रेट पहुंचा किसान, डीएम ने गले से लगाया ,गौशाला में चारे के भुगतान नहीं होने से आहत था युवक , DM ने मौके पर भुगतान कराकर चीनी मिल में नौकरी दी

November 4, 2026By admin0 comments
👁 6.3K views
WhatsAppImage2026-02-15at42216PM1
previous arrow
next arrow

बरेली । जिला बरेली के कलेक्ट्रेट में जनता दर्शन के दौरान बुधवार दोपहर उस वक्त हड़कंप मच गया, जब एक परेशान किसान हाथ में पेट्रोल से भरी बोतल लेकर आत्मदाह करने पहुंच गया। मीरगंज तहसील के परौरा निवासी किसान महेंद्र सिंह सरकारी गौशाला में डाले गए चारे का भुगतान न होने से महीनों से दफ्तरों के चक्कर काट रहा था। डीएम अविनाश कुमार ने न केवल उसकी पूरी पीड़ा संवेदनशीलता से सुनी, बल्कि मौके पर ही उसका 22,050 रुपये का बकाया चुकता कराया। इसके साथ ही पीड़ित को त्योहार मनाने के लिए 950 रुपये मिठाई के दिए और चीनी मिल में संविदा पर नौकरी भी दिलवा दी।

ReferralCodeLLVR11
previous arrow
next arrow
WhatsAppImage2023-12-28at122820
previous arrow
next arrow
WhatsAppImage2024-06-13at122213
previous arrow
next arrow

63 क्विंटल चारे का बकाया था भुगतान, अफसरों के चक्कर काट-काटकर टूट चुका था किसान
मीरगंज के ग्राम परौरा निवासी महेंद्र सिंह ने जुलाई 2026 में रफियाबाद सरकारी गौशाला में 350 रुपये प्रति क्विंटल के हिसाब से 63 क्विंटल हरा चारा सप्लाई किया था। इसका कुल बिल 22,050 रुपये बना था। आरोप है कि ग्राम प्रधान और संबंधित कर्मचारियों के साथ-साथ बीडीओ व एसडीएम कार्यालय के चक्कर काटने के बावजूद उसे भुगतान नहीं मिल रहा था। दिवाली का त्योहार नजदीक होने के चलते घर में गहरा आर्थिक संकट था, बच्चों की स्कूल फीस नहीं भर पा रहा था और परिवार भुखमरी की कगार पर पहुंच गया था। व्यवस्था से निराश होकर वह कलेक्ट्रेट में पेट्रोल की बोतल लेकर पहुंच गया।

डीएम की संवेदनशीलता: तत्काल भुगतान, मिठाई के पैसे और चीनी मिल में रोजगार का सहारा
जनता दर्शन में जब डीएम के सामने मामला आया तो उन्होंने किसान को समझा-बुझाकर शांत कराया। परिवार में पत्नी और तीन छोटे बच्चों की स्थिति जानकर डीएम बहुत भावुक हो गए। उन्होंने तुरंत नजारत से नाज़िर को बुलाकर किसान के 22,050 रुपये का भुगतान कराया और कुल 23,000 रुपये थमाते हुए बाकी 950 रुपये बच्चों की मिठाई के लिए दिए। इसके साथ ही मौके पर मौजूद सेमीखेड़ा सहकारी चीनी मिल के जीएम को निर्देशित कर किसान को चीनी मिल में तत्काल दैनिक वेतनभोगी/संविदा पर रोजगार भी दिला दिया, ताकि परिवार की आजीविका सुरक्षित रह सके। डीएम की इस त्वरित व मानवीय पहल की पूरे जिले में सराहना हो रही है।

डीएम बोले- ‘किसान की बेबसी देखकर भावुक हो गए थे, मौके पर समाधान किया’
कलेक्ट्रेट में पेट्रोल लेकर पहुंचे किसान को राहत देने के बाद डीएम अविनाश सिंह ने कहा कि युवक बेहद हताश था और उसके परिवार के हालात सुनकर हम सब भावुक हो गए थे। त्योहार के मौके पर कोई भी परिवार इस तरह बेबस न रहे, इसलिए मौके पर ही उसका पूरा भुगतान कराया गया। किसान की आगे की आजीविका सुरक्षित रहे, इसके लिए चीनी मिल में उसके काम का भी तुरंत प्रबंध किया गया है, ताकि वह अपने बच्चों के साथ खुशहाल दीपावली मना सके। प्रशासन की प्राथमिकता हर जरूरतमंद के आंसू पोंछना है।

WhatsAppImage2024-10-20at41111PM1
previous arrow
next arrow
WhatsAppImage2023-04-17at53854PM4
previous arrow
next arrow

यह भी पढ़ें

Home
Live TV
VIDEO NEWS
+ Create
Verified by MonsterInsights